अहमदाबाद, 14 सितंबर (वार्ता) केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने रविवार को गुजरात के अहमदाबाद स्थित सरदार धाम में फेज-2 कन्या छात्रालय और 100 करोड़ रुपए की ‘दीकरी दत्तक योजना’ (बेटी दत्तक योजना) का लोकार्पण किया।
श्री शाह और राज्य के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने इस अवसर पर सरदार धाम स्थित सरदार साहब की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर वंदन किया और सरदार धाम के ट्रस्टियों के साथ संवाद कर राष्ट्र निर्माण में सरदार धाम की भूमिका को लेकर विशेष चर्चा भी की।
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री शाह ने कहा कि पटेल समाज एक ऐसा समाज है, जो अध्ययन का एक विषय है। इस समाज के स्थापित व्यवसाय, रोजगार, ट्रांसपोर्टेशन सहित सारे विषय अध्ययन के विषय हैं, कि कैसे इन सबमें वर्षों तक वर्चस्व बनाए रखा जा सकता है। पटेल समाज का पूरे गुजरात के विकास में बहुत ही बड़ा योगदान रहा है।
केंद्रीय मंत्री ने कन्या छात्रालय की शुरुआत को बहुत ही उम्दा कार्य बताते हुए कहा कि मां-बाप बेटियों को हॉस्टल भेजने से घबराते हैं, तब यदि अपने ही समाज द्वारा ऐसी सुरक्षित व्यवस्था विकसित की जाए, तो दूरदराज के गांवों से भी बेटियां उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए बाहर आकर अपना भविष्य सुनिश्चित कर सकती हैं। यदि प्रत्येक समाज सरदार धाम के सूत्र ‘समाज निर्माण से राष्ट्र निर्माण’ को स्वीकार कर ले, तो वास्तव में राष्ट्र का श्रेष्ठ निर्माण होने से कोई नहीं रोक सकता।
श्री शाह ने सरदार धाम की गतिविधियों की सराहना करते हुए कहा कि इस अद्भुत संगठन के माध्यम से तीन हजार बेटियां और दो हजार बेटे पढ़कर समाज, राज्य और देश का नाम रोशन करें, इस उद्देश्य से समाज के अग्रणियों द्वारा की गई कल्पना धरातल पर हूबहू साकार हुई है, जो प्रसन्नता की बात है। अपने जीवन के विकास के लिए बेटियां उच्च शिक्षा प्राप्त कर मजबूत बन सकती हैं, इसके लिए समाज के प्रयासों की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि अपने 40 वर्षों के सार्वजनिक जीवन में उन्होंने अनेक शैक्षणिक संस्थानों, पुस्तकालयों और छात्रावासों का दौरा किया है, जिनमें से सरदार धाम में सरदार धाम में विकसित की गई छात्रालय की व्यवस्था विद्यार्थियों के लिए काफी सुंदर और सुविधायुक्त है।
केंद्रीय गृह मंत्री ने उपस्थित ट्रस्टियों को सुझाव देते हुए कहा कि इस संस्था द्वारा छात्रालय में रहने वाले विद्यार्थियों के लिए गुजराती और हिंदी भाषा सीखने की क्लास शुरू की जानी चाहिए, ताकि यह युवा पीढ़ी मातृभाषा सीखकर समाज की मूल ग्रामीण भाषा को समझ सके और भविष्य में आसानी से समाज की सेवा कर सके। इसके अलावा, उन्होंने संस्था की ई-लाइब्रेरी को और भी समृद्ध बनाने के लिए अन्य लाइब्रेरियों के साथ ऑनलाइन कनेक्ट होकर, अधिक से अधिक पुस्तकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने का भी सुझाव दिया। इससे यूपीएससी और जीपीएससी के प्रशिक्षण के लिए आने वाले विद्यार्थियों को और अधिक सरलता होगी।
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने अपने उद्बोधन में स्वयं को गर्व के साथ लौह पुरुष और अखंड भारत के निर्माता सरदार वल्लभभाई पटेल का उत्तराधिकारी बताते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती का उत्सव देशभर में मनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसी भी समाज की प्रगति नारी सशक्तिकरण के बिना संभव नहीं है। इसलिए सरदार धाम ने तीन हजार बेटियों के पढ़ने, रहने और भोजन की सुविधा के साथ छात्रावास शुरू कर कन्या शिक्षा की मजबूत नींव रखी है। इसके अलावा, बेटियों के लिए 100 करोड़ रुपए की ‘दीकरी दत्तक योजना’ का भी केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री शाह ने लोकार्पण किया है।
उन्होंने कहा कि समाज के दानदाताओं के सहयोग से बेटियों का भविष्य उज्ज्वल बन रहा है, इसके लिए दानदाता भी बधाई के पात्र हैं। प्रधानमंत्री श्री मोदी तथा केंद्रीय गृह मंत्री श्री शाह के सफल नेतृत्व में देश की सीमा और सुरक्षा, दोनों मजबूत बनी है। इसके अंतर्गत 31 मार्च, 2026 तक नक्सलवाद को संपूर्ण रूप से खत्म करने के लिए कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने प्रधानमंत्री के भारत को विकसित बनाने के संकल्प में सहभागी बनकर, स्वदेशी अपनाने और इस दिवाली स्वदेशी वस्तुओं की खरीदी करने पर जोर दिया। उन्होंने उपस्थित सभी लोगों से ऐसे छोटे-छोटे विकास कार्यों के माध्यम से राष्ट्र निर्माण और विकसित भारत में सहयोग देने का अनुरोध किया।
इस कार्यक्रम के अंतर्गत सरदार धाम के अध्यक्ष रवजीभाई सुतरिया ने महानुभावों का सरदार धाम के 1041 ट्रस्टियों की ओर से स्वागत किया और सरदार धाम के भविष्य के आयोजन पर भी प्रकाश डाला।
