
भोपाल: मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि उसने वित्तीय अनुशासन की पूरी तरह से धज्जियाँ उड़ाकर प्रदेश को कर्ज़ के गहरे संकट में धकेल दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार को अब केवल ब्याज चुकाने के लिए भी नए कर्ज़ लेने पड़ रहे हैं।
कर्ज़ 4.35 लाख करोड़ पार
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार मार्च 2024 तक प्रदेश का कुल कर्ज़ ₹3.75 लाख करोड़ था, जो मार्च 2025 में बढ़कर ₹4.21 लाख करोड़ हो गया। जुलाई 2025 तक लगातार नए ऋण लेने से यह बढ़कर ₹4.35 लाख करोड़ पहुँच गया। पटवारी ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान लगभग 4 लाख करोड़ का कर्ज़ छोड़कर गए और अब मुख्यमंत्री मोहन यादव भी हर महीने नया कर्ज़ ले रहे हैं।
ब्याज चुकाने के लिए कर्ज़
वर्तमान कर्ज़ पर सालाना ब्याज भुगतान लगभग ₹29,700 करोड़ है। पटवारी का कहना है कि भाजपा की गलत नीतियों ने प्रदेश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ तोड़ दी है और सरकार “कर्ज़ लेकर कर्ज़ चुकाने” की स्थिति में पहुँच गई है।
162 दिनों में 25,000 करोड़ का कर्ज़
उन्होंने बताया कि अप्रैल से सितम्बर 2025 तक भाजपा सरकार ने 162 दिनों में ही ₹25,000 करोड़ से अधिक कर्ज़ ले लिया। यानी औसतन प्रतिदिन ₹154 करोड़ और प्रति सप्ताह ₹1,078 करोड़ का कर्ज़।
जनता पर बोझ
लगभग 8 करोड़ की आबादी वाले प्रदेश में हर नागरिक पर औसतन ₹54,375 का कर्ज़ है। पटवारी ने सवाल किया कि यह कर्ज़ आखिर चुकाएगा कौन और क्यों भाजपा नेताओं की ऐशो-आराम की राजनीति का बोझ आम जनता उठाए।
