सीहोर। फसल बीमा की राशि सही तरीके से न मिलने से आक्रोशित किसान लगातार आंदोलन कर रहे हैं. मंगलवार को जिले के सैकड़ों किसान रैली के रूप में कलेक्ट्रेट पहुंचे और धरना देकर ज्ञापन सौंपा. किसानों के हाथों में खराब सोयाबीन की फसल थी और उन्होंने बीमा कंपनी के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की.
किसानों का कहना है कि बीमा प्रीमियम तो लिया जाता है, लेकिन फसल खराब होने पर कंपनियां भुगतान करने में हीलाहवाली करती हैं.कई किसानों को बीमा राशि मात्र 100 से 200 रुपए प्रति एकड़ मिली है, जिसे उन्होंने ऊंट के मुंह में जीरा बताया. किसानों ने प्रधानमंत्री, केंद्रीय कृषि मंत्री और मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर पांच वर्षों से खराब हो रही सोयाबीन और गेहूं की फसलों का बीमा भुगतान तत्काल कराने और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की.
धरना देने वालों में खामलिया, छापरीकलां, लसुडिय़ा खास, छोटी मुंगावली, रामाखेड़ी, हीरापुर, संग्रामपुर सहित दर्जनों गांवों के किसान शामिल थे. कई किसान बीमा कंपनी की अनदेखी के विरोध में जल सत्याग्रह भी कर रहे हैं. किसानों ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन और तेज किया जाएगा.
