
भोपाल: मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी (एमपीसीसी) ने सोमवार को प्रदेश की भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। मीडिया से बातचीत में कांग्रेस मीडिया विभाग के अध्यक्ष डॉ. मुकेश नायक ने आरोप लगाया कि प्रदेश अब “उड़ता मध्यप्रदेश” बन चुका है और नशीले पदार्थों के अनियंत्रित प्रसार के लिए मुख्यमंत्री मोहन यादव प्रत्यक्ष रूप से जिम्मेदार हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री, जो गृहमंत्री भी हैं, संगठित अपराध पर नकेल कसने में विफल रहे हैं और माफिया तंत्र को संरक्षण देकर युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ कर रहे हैं।
हाल की घटनाओं का जिक्र करते हुए डॉ. नायक ने बताया कि 18 अगस्त 2025 को भोपाल के पास जगदीशपुर स्थित एक फैक्ट्री से 61.2 किलो एमडी ड्रग्स, जिसकी कीमत 92 करोड़ रुपये है, राजस्व खुफिया निदेशालय (डीआरआई) और अन्य केंद्रीय एजेंसियों द्वारा जब्त की गई। उन्होंने सवाल उठाया, “यह फैक्ट्री वर्षों से चल रही थी, लेकिन प्रदेश पुलिस को भनक तक क्यों नहीं लगी? आखिर केवल केंद्रीय एजेंसियां ही ऐसे मामलों का खुलासा क्यों करती हैं? गृहमंत्रालय कहां था?”
उन्होंने आगे कहा कि अक्टूबर 2024 में 1,814 करोड़ रुपये के ड्रग्स जब्ती मामले में मुख्य आरोपी हरीश अंजन भाजपा के उपमुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा का करीबी था। डॉ. नायक ने पूछा, “क्या यह काला धन भाजपा के चुनावी कोष में जा रहा है?” उन्होंने देवड़ा का इस्तीफा भी मांगा।
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि भोपाल, इंदौर, झाबुआ और मालवा क्षेत्र में भाजपा नेताओं के रिश्तेदार बार-बार नशे के मामलों में पकड़े गए हैं। “यह संयोग नहीं, बल्कि साजिश और मिलीभगत है,” उन्होंने कहा।
डॉ. नायक ने चेतावनी दी कि नशा विद्यालयों और महाविद्यालयों तक पहुंच चुका है, जिससे परिवार टूट रहे हैं और अपराध बढ़ रहे हैं। “समाज बिखर रहा है और सरकार इस व्यापार में साझेदार की तरह मौन है,” उन्होंने टिप्पणी की।
कांग्रेस ने घोषणा की कि यदि माफिया और उनसे जुड़े नेताओं पर तुरंत कार्रवाई नहीं हुई, तो वह “सड़क से विधानसभा तक” बड़ा आंदोलन छेड़ेगी और सरकार को जनता के कटघरे में खड़ा करेगी।
