सतना: हर घर तिरंगा, हर घर स्वच्छता : स्वतंत्रता का उत्सव, स्वच्छता के संग अभियान के अंतर्गत आज महात्मा गांधी चित्रकूट ग्रामोदय विश्वविद्यालय तिरंगा कार्यक्रम तिरंगा यात्रा निकाली गई । कुलगुरु प्रो भरत मिश्रा के नेतृत्व में ग्रामोदय विश्वविद्यालय के शिक्षक, अधिकारी, कर्मचारी और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं तिरंगा यात्रा में पूरे उत्साह के साथ शामिल हुए। उल्लेखनीय हैं कि ग्रामोदय विश्वविद्यालय पृथक पृथक चरणों में तिरंगा पर केंद्रित विभिन्न कार्यक्रम आयोजित कर रहा है। ग्रामोदय विश्वविद्यालय कैंपस की दीवारों एवं बोर्डो को तिरंगा प्रेरित कलाओं से सजाया गया है।
विद्युत झालरों से रोशनी की गई है। ग्रामोदय कैंपस इस समय तिरंगा महोत्सव के रूप में दृष्टिगोचर हो रहा है। शिक्षकों एवं विद्यार्थियों की पूर्ण सहभागिता से तिरंगा यात्रा ने प्रभावी जन जागरूकता अभियान का स्वरूप ले लिया है।तिरंगा यात्रा का प्रारम्भ खेल प्रागंण से होकर विश्वविद्यालय के सभी संकायों एवं रजत जयंती भवन के सामने से होते हुए मुख्य द्वार पर कुलगुरु प्रो भरत मिश्रा द्वारा हरी झंडी दिखाकर स्वयं यात्रा के साथ रवाना हुए।
कुलगुरु प्रो भरत मिश्रा के नेतृत्व और मार्गदर्शन में तिरंगा यात्रा विश्वविद्यालय से प्रारंभ होकर स्फटिक शिला मार्ग से पूर्व की ओर स्थित विश्वविद्यालय के द्वार से पुनः प्रवेश किया। यात्रा का विश्राम रजत जयंती भवन के सामने भारत माता की जयघोष के साथ हुआ। तत्पश्चात तिरंगा यात्रा में शामिल सभी संकायों के छात्र/छात्राओं, विभिन्न संकायों के अधिष्ठाता, शिक्षक, अधिकारियों और कर्मचारियों ने तुलसी सभागार में आयोजित विभाजन विभीषिका दिवस, अखंड भारत दिवस कार्यक्रम में सहभागिता की।
इस मौके पर विभाजन विभीषिका दिवस, अखंड भारत दिवस की अध्यक्षता कर रहे कुलगुरु प्रो भरत मिश्रा ने कहा कि 14 अगस्त 1947 भारत के विभाजन की विभीषिका का दिवस है! उन्होंने कहा कि भारत के इस कटु इतिहास को बुलाना नहीं है, बल्कि अगली पीढ़ी को बताते हुए याद रखना है, ताकि जिन गलतियों के कारण भारत का विभाजन हुआ, उन्हें दोहराने से अगली पीढ़ी बची रहे। विभाजन विभीषिका का दंश और प्रताड़ना झेलने वाले सिंधी परिवार के प्रतिनिधि इंजी सी पी बस्तानी, मुख्य वक्ता रहे। उनके द्वारा अपने परिवार के लोगों द्वारा सहन की गई प्रताड़ना को सुनकर उपस्थित लोगों की आँखें नम हो गई। वक्ता डॉ उमेश शुक्ला के भारत के विभाजन का विवरण बताया।
तिरंगा यात्रा कार्यक्रम और विभाजन विभीषिका दिवस का संयोजन डॉ. श्याम सिंह गौर एवं सह- संयोजन डॉ उमेश शुक्ला एवं डॉ विनोद कुमार सिंह ने किया। आभार प्रदर्शन सुशील मिश्रा ने किया। इस मौके पर कुलसचिव, अधिष्ठाता, विभागाध्यक्ष, निदेशक, शिक्षक, अधिकारी, कर्मचारी और छात्र छात्राओं ने सहभागिता की।
तिरंगा धागे से युक्त प्रतियोगिता हुई
इसी श्रृंखला में महात्मा गांधी चित्रकूट ग्रामोदय विश्वविद्यालय के ललित कला विभाग ने पारम्परिक बुनाई एवं तिरंगे धागे से युक्त तिरंगा बुनाई की प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। विभागाध्यक्ष डा. प्रसन्न पाटकर के निर्देशन एवं डा अभय कुमार वर्मा के समन्वयन में उक्त प्रतियोगिता सम्पन्न हुई। छात्राओ ने अखंड भारत एवं मेरा भारत महान की थीम को कड़ाई के माध्यम से सृजित किया। प्रतियोगिता में शामिल छात्राओ की सृजन शीलता की कुलगुरू प्रो. भरत मिश्र ने प्रशंसा की।
