
सतना: कलेक्टोरेट में शनिवार को आयोजित दिशा समिति की उच्च स्तरीय बैठक में चित्रकूट घाट विकास प्रोजेक्ट का प्रस्तुतीकरण किया गया, जिसका वर्चुअल शिलान्यास मुख्यमंत्री द्वारा रीवा में पहले ही किया जा चुका था.यह योजना पीपीपी मोड में मुंबई की सावनी हेरीजेट कंजर्वेशन प्रा. लि. के माध्यम से क्रियान्वित होगी, जिसमें 25 करोड़ रुपये खर्च होने की जानकारी दी गई.
प्रस्तुतीकरण के दौरान चित्रकूट विधायक सुरेन्द्र सिंह गहरवार ने दबी जुबान में पूर्व में घाट विकास हेतु खर्च किए गए 25 करोड़ की उपयोगिता पर सवाल खड़े कर दिए. वहीं रीवा में जारी ब्रोशर में इस प्रोजेक्ट की लागत 28 करोड़ दर्शाई गई है. जनप्रतिनिधियों में इस बात को लेकर असमंजस है कि पहले की गई राशि का क्या उपयोग हुआ.
प्रस्तावित योजना के तहत सात्विक रसोई, टॉयलेट और दुकानें बनाई जाएंगी, लेकिन घाट क्षेत्र की सीमित जगह में स्थायी निर्माण से अव्यवस्था और भीड़ नियंत्रण को लेकर चिंताएं पहले से ही उठने लगी हैं.
