नई दिल्ली, 16 जुलाई (वार्ता)। गुजरात की राजधानी अहमदाबाद में ऑफिस स्पेस के किराये में इस साल की पहली छमाही में 25 प्रतिशत से ज्यादा प्रीमियम दर्ज किया गया जो इस बात को दिखाता है कि शहर विकसित भारत के एक मजबूत केंद्र के रूप में उभर रहा है।
कंफडरेशन ऑफ रियल एस्टेट डेवलपर्स एसोसिएशंस ऑफ इंडिया (क्रेडाई) और रियल एस्टेट डेटा इंटेलिजेंस कंपनी सीआरई मैट्रिक्स की बुधवार को जारी एक संयुक्त रिपोर्ट में यह बात कही गयी है। साल 2025 की पहली छमाही के लिए जारी अहमदाबाद ऑफिस मार्केट रिपोर्ट में कहा गया है कि यह शहर एक उभरते हुए व्यवसाय और वित्तीय केंद्र के रूप में तेजी से विकसित हो रहा है।
इसमें बताया गया है कि ग्रेड ए/ए प्लस ऑफिस स्पेस में मार्केट किराये और वास्तविक किराये के बीच 25.5 प्रतिशत का प्रीमियम है यानी वास्तविक किराया 25 फीसदी ज्यादा है। इसमें कहा गया है कि ऑफिस स्पेस की मांग और नई आपूर्ति दोनों पाँच लाख वर्ग फुट रही। शहर में कुल ग्रेड ए ऑफिस स्पेस 305 लाख वर्ग फुट है, जिसमें 19.6 प्रतिशत जगह खाली है, जो स्वस्थ स्थिति दर्शाता है। डेवलपर्स को शहर की संभावनाओं पर भरोसा है, और 2030 तक 97 लाख वर्ग फुट नया ग्रेड ए/ए प्लस ऑफिस स्पेस जुड़ने की उम्मीद है।
रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि बैंकिंग, वित्तीय सेवा और बीमा (बीएफएसआई) क्षेत्र ने शहर का 56 प्रतिशत ऑफिस स्पेस लीज पर लिया है। आईटी/आईटीईएस ने 30 प्रतिशत और औद्योगिक क्षेत्र ने आठ प्रतिशत का योगदान दिया। गिफ्ट सिटी की नजदीकी के कारण वित्तीय और तकनीकी कंपनियां अहमदाबाद की ओर आकर्षित हो रही हैं।
क्रेडाई के प्रेसिडेंट शेखर पटेल ने कहा, “अहमदाबाद अब एक बड़े बदलाव के दौर से गुजर रहा है। शहर न सिर्फ तरक्की कर रहा है, बल्कि आगे बढ़कर नेतृत्व करने को तैयार है। 25.5 प्रतिशत किराये का प्रीमियम, तेजी से हो रही लीजिंग और गिफ्ट सिटी का उभरना सिर्फ आंकड़े नहीं हैं; ये शहर के भविष्य को आकार देने वाले संकेत हैं।”
उन्होंने कहा कि यह सिर्फ रियल एस्टेट की बात नहीं है—यह एक ऐसा माहौल बनाने की बात है जहां व्यापार, फाइनेंस और तकनीक मिलकर लंबे समय तक मूल्य पैदा करें।रिपोर्ट में मजबूत डेवलपर पाइपलाइन पर भी ध्यान दिया गया है। इसमें बताया गया है कि साल 2027 तक अहमदाबाद में आने वाली आपूर्ति का लगभग 35.3 प्रतिशत गिफ्ट सिटी में केंद्रित है, जो शहर के वित्तीय और तकनीकी केंद्र के रूप में प्रगति में डेवलपर्स के विश्वास को दर्शाता है।
सीआरई मैट्रिक्स के सीईओ अभिषेक किरण गुप्ता ने कहा, “पहले अहमदाबाद का हाउसिंग मार्केट मुंबई को बिक्री में पीछे छोड़ चुका था। अब यह भारत के कॉर्पोरेट विकास की दौड़ में भी आगे बढ़ रहा है। मार्केट किराया अब पुराने किराये से 25.5 प्रतिशत ज्यादा है। यह साफ संकेत है कि अहमदाबाद अब मकान मालिकों का बाजार है। अब बात सिर्फ दिल्ली, बेंगलुरु, हैदराबाद या मुंबई की नहीं रही। अहमदाबाद ने कॉर्पोरेट दुनिया में अपनी जगह बना ली है।”
