येरेवन, 20 जून (वार्ता) येरेवन की एक अदालत ने आर्मेनियाई चर्च का साथ देने पर एक व्यवसायी और परोपकारी सैमवेल करापेटियन को गिरफ़्तार करने का आदेश दिया है।
श्री करापेटियन ‘ताशीर समूह’ के प्रमुख हैं और आर्मेनिया के कई प्रमुख संस्थानों की सहायता करते है जिसमें राजसी सेंट ग्रेगरी कैथेड्रल के निर्माण से लेकर येरेवन के ऑन्कोलॉजी सेंटर सहित 30 से अधिक शैक्षिक और चिकित्सा केंद्रों को वित्त मुहैया कराना शामिल है। लेकिन अब वह कथित तौर पर ‘अवैध रूप से सत्ता हथियाने के लिए सार्वजनिक आह्वान करने’ के झूठे आरोप में सलाखों के पीछे हैं।
उनके वकील ने इसे बेतुका, निराधार और राजनीतिक हिट-जॉब बताते हुए इसके खिलाफ अपील करने और संघर्ष करने की कसम खाई। इस बीच मॉस्को में अर्मेनियाई चर्च ने इस गिरफ्तारी को अपमानजनक और प्रधानमंत्री निकोल पाशिनयान के चर्च के खिलाफ चल रहे युद्ध का हिस्सा बताया । उसने इसे भय और दमन का उपयोग कर अंतरात्मा की आवाज़ चुप कराने वाला कदम बताया।
