
इंदौर. शहर के चर्चित राजा रघुवंशी हत्याकांड में आरोपी बनाए गए राज कुशवाहा की दादी का दिल टूट गया. पोते को बेकसूर मानने वाली बुजुर्ग दादी ने आखिरकार सदमे में दम तोड़ दिया.
परिजनों के मुताबिक, दादी को जैसे ही यह खबर मिली कि उनके पोते को फंसाया गया है, उन्होंने खाना-पीना छोड़ दिया और सदमे में हार्टअटैक से उनकी मौत हो गई. मरते दम तक दादी यही कहती रहीं ‘मेरा नाती राज निर्दोष है, उसे फंसाया गया है.’ ज्ञात हो कि राज कुशवाहा का पैतृक घर उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले के गाजीपुर थाना क्षेत्र के रामपुर गांव में है, जो जिला मुख्यालय से 32 किलोमीटर दूर है. राज पिछले 15 वर्षों से इंदौर में रह रहा था. पिता राम नजर कुशवाह, तीन बहनें काजल, सोहनी और प्रिया हैं. परिवार में मातम पसरा हुआ है. दादा दरबारी सिंह ने बताया कि राज के चाचा भूपेंद्र सिंह नोएडा की फैक्ट्री में काम करते हैं, जबकि छोटा बेटा नरेंद्र गांव में खेती करता है. परिजन का कहना है कि उन्हें कुछ समय पहले ही पता चला कि राज का सोनम रघुवंशी से प्रेम प्रसंग था, जिसे अब हत्या के मामले से जोड़कर देखा जा रहा है.
