नई दिल्ली 10 जून (वार्ता) भारत और संयुक्त अरब अमीरात ने सभी तरह के आतंकवाद से निपटने में सहयोग की प्रतिबद्धता दोहराई है।
संयुक्त अरब अमीरात की यात्रा पर गये भारतीय विदेश सचिव विक्रम मिसरी ने मंगलवार को अबू धाबी में संघीय राष्ट्रीय परिषद की रक्षा मामलों, आंतरिक और विदेश मामलों की समिति के अध्यक्ष अली अल नूमी के साथ मुलाकात की और आतंकवाद से लेकर संसदीय सहयोग पर चर्चा की।
श्री अल नूमी को आतंकवाद के विरोधी और वैश्विक शांति के समर्थक के रूप में जाना जाता है।
विदेश सचिव मिसरी ने अमीरात के एक अन्य मंत्री शेख नाहयान बिन मुबारक अल नाहयान से भी मुलाकात की।
अबू धाबी में भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर पोस्ट में इन बैठकों के बारे में बताया। पोस्ट में लिखा है, “ विदेश सचिव विक्रम मिसरी ने संघीय राष्ट्रीय परिषद के रक्षा मामलों, आंतरिक और विदेश मामलों की समिति के अध्यक्ष अली अल नूमी से मुलाकात की और आतंकवाद के सभी रूपों तथा अभिव्यक्तियों से निपटने के लिए अपनी प्रतिबद्धता की पुष्टि की। भारत-यूएई संसदीय सहयोग पर भी चर्चा की गयी।”
श्री अल नाहयान के साथ बैठक पर दूतावास ने पोस्ट किया,“ विदेश सचिव विक्रम मिसरी ने आज अबू धाबी में शेख नाहयान बिन मुबारक अल नाहयान से मुलाकात की।” उन्होंने भारत और अमीरात के सद्भाव और सहिष्णुता के साझा लोकाचार पर प्रकाश डाला।
विदेश सचिव और अली अल नूमी के बीच बैठक को महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि अली अल नूमी चरमपंथ से निपटने के क्षेत्र और शिक्षा के क्षेत्र में एक अग्रणी अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञ हैं। वह अबू धाबी में हिंसक चरमपंथ का मुकाबला से संबंधित अंतरराष्ट्रीय केंद्र के संचालन बोर्ड के अध्यक्ष हैं।
