सीधी में खुलेआम मांस बिक्री, ननि और पशुपालन विभाग बना मूकदर्शक

सीधी। जिले में खुले में मांस की बिक्री पर लगाए गए प्रतिबंध का पालन नहीं हो रहा है, जिससे सरकार के निर्देश मजाक बनकर रह गए हैं। प्रदेश सरकार ने नगरीय क्षेत्रों में बिना लाइसेंस या लाइसेंस की शर्तों का उल्लंघन करते हुए खुले में मांस एवं मछली की बिक्री पर सख्त प्रतिबंध लगाने के निर्देश दिए थे। इस बारे में 13 दिसंबर 2023 को नगरीय विकास एवं आवास विभाग मंत्रालय द्वारा एक स्पष्ट आदेश जारी इस प्रकार की अवैध बिक्री पर तत्काल रोक लगाने का आदेश दिया था।

आदेश में यह कार्यवाही नगर निकाय के अतिक्रमण निरोधी दस्ते, पुलिस और पशु चिकित्सा अधिकारियों के समन्वय से सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए थे। लेकिन सीधी जिला मुख्यालय में इस आदेश की खुलेआम अवहेलना हो रही है।

शहर के सम्राट चौक, लालता चौक, आजाद नगर, गोपालदास मार्ग, प्रधान डाकघर, बीटीआई क्षेत्र, करौंदिया, न्यू बस स्टैण्ड सहित कई स्थानों पर ठेलों में सब्जियों की तरह खुले में मांस बेचा देखा जा सकता है। इस बारे में न तो लाइसेंस की जांच हो रही है और न ही शर्तों का पालन। इसके चलते न केवल गंदगी और बदबू का माहौल बन रहा है, बल्कि आवारा कुत्तों की संख्या में भी वृद्धि हो रही है, जो आमजन के लिए खतरा बनती जा रही है।

शासन के स्पष्ट आदेशों के बावजूद जिम्मेदार विभागों की निष्क्रियता आक्रोश का कारण बनती जा रही है। जनता अब यह सवाल करने लगी है कि जब सरकार के निर्देशों का पालन ही नहीं होना है, तो आदेश जारी करने का औचित्य क्या है?

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