नयी दिल्ली 08 मई (वार्ता) वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) धोखाधड़ी पर एक बड़ी कार्रवाई में सीजीएसटी दिल्ली दक्षिण आयुक्तालय ने दक्षिण दिल्ली में लगभग 7.85 करोड़ रुपये की राशि के फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) दावों से जुड़ी धोखाधड़ी का पर्दाफाश करते हुये एक चार्टर्ड अकाउंटेंट को गिरफ्तार किया है।
वित्त मंत्रालय ने यहां जारी बयान में कहा कि इस मामले में एक चार्टर्ड अकाउंटेंट को सीजीएसटी अधिनियम, 2017 की धारा 69(1) के तहत गिरफ्तार किया गया और 07 मई 2025 को ड्यूटी मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया, जिन्होंने उसे 21 मई 2025 तक 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
जांच में 80 से अधिक जीएसटीआईएन (वस्तु एवं सेवा कर पहचान संख्या) का दुरुपयोग पाया गया, जो मुख्य रूप से पालम/द्वारका क्षेत्र में चार्टर्ड अकाउंटेंट के ईमेल आईडी और संपर्क नंबरों से जुड़े थे। सर्कुलर ट्रेडिंग में लगे 31 जीएसटीआईएन के एक मुख्य समूह की पहचान की गई, जिसमें वस्तुओं या सेवाओं की कोई वास्तविक आपूर्ति नहीं थी।
12 परिसरों में तलाशी की कार्यवाही की गई और कई फर्में अस्तित्वहीन पाई गईं। तलाशी के दौरान, जांच से संबंधित कई इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जब्त किए गए और संबंधित लोगों के बयान दर्ज किए गए। कई करदाताओं ने स्वीकार किया कि वे जीएसटी फाइलिंग के लिए पूरी तरह से चार्टर्ड अकाउंटेंट पर निर्भर थे, लॉगिन क्रेडेंशियल और फाइलिंग को केंद्रीय रूप से उसी द्वारा नियंत्रित किया जाता था।
