वाशिंगटन (वार्ता) अमेरिका ने मंगलवार को कहा कि वह चीन से आयात पर और पचास प्रतिशत का जवाबी प्रशुल्क लगाएगा और इस तरह चीन से अमेरिका पहुंचने वाले सामान पर आयात शुल्क 104 प्रतिशत तक पहुंच जाएगा।
व्हाइट हाउस ने कहा है कि चीन पर 104 प्रतिशत प्रशुल्क की व्यवस्था मंगलवार आधी रात के बाद प्रभावी हो जाएगी।
व्हाइट हाउस की एक प्रवक्ता ने कहा कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने अमेरिका के श्रमिकों और उद्योगों की रक्षा के लिए जो उपाए किए है उसका दुनिया में असर दिख रहा है और करीब 70 देश अमेरिका के साथ व्यापार समझौते पर बातचीत करने को तैयार हो चुके है।
महिला प्रवक्ता ने कहा कि दुनियाभर के देशों ने लंबे समय तक अमेरिका के श्रमिकों का हक लूटा जिसे जारी रखने की अनुमति नहीं दी जाएगी। प्रवक्ता ने इजरायल के प्रधानमंत्री बैंजामिन नेत्नाहू और श्री ट्रम्प की कल यहां हुई बैठक का उल्लेख करते हुए कहा कि इजरायल अमेरिका के खिलाफ आयात शुल्क खत्म कर अमेरिका के व्यापार घाटे को कम करने में सहयोग करने के लिए तैयार हो गया है।
प्रवक्ता ने कहा कि इजरायल अन्य देशों के लिए एक मॉडल हो सकता है।
उल्लेखनीय है कि अमेरिका ने इससे पहले इसी माह चीन पर 34 प्रतिशत का अतिरिक्त शुल्क लगाया था। इससे पूर्व भी चीन से आयात पर बीस प्रतिशत की उच्च दर से शुल्क प्रभावी था।
चीन के सरकारी अखबार ग्लोबल टाइम्स ने कहा कि चीन के खिलाफ 50 प्रतिशत अतिरिक्त प्रशुल्क लगाने की अमेरिका की धमकी तथा अन्य व्यापारिक भागीदारों पर आर्थिक दबाव और ब्लैकमेल बढ़ाने की उसकी कार्रवाई दर्शाती है कि अमेरिका दादागिरी की सोच रखता है।
अखबार ने चीन के विशेषज्ञों के हवाले से कहा है कि अमेरिका अपने हितों को सबसे ऊपर और सबसे अलग रखना चाहता है और इसके लिए दूसरों पर त्याग करने का दबाव डाल रहा है।
