जबलपुर: एमपी-एमएलए कोर्ट के विशेष न्यायाधीश डीपी सूत्रकार ने जबलपुर की मेसर्स मोहनलाल हरगोविंददास पार्टनर्शिप फर्म के संपत्ति विवाद से जुड़े मामले में पूर्व मंत्री श्रवण पटेल सहित अन्य के समंस जारी किये है। विशेष अदालत ने सभी को दो मई को कोर्ट के समक्ष हाजिरी सुनिश्चित कराने के निर्देश दिये हैं। मामले में आरोपित ज्योत्सना देवी पटेल की मृत्यु हो चुकी है, अत: उन्हें छोडक़र मंत्री पटेल के अलावा रूपा पटेल, सोनल के अमीन, सिद्धार्थ पटेल को तलब किया गया है।
अदालत ने अपने आदेश में कहा है कि प्रकरण पूर्व सांसद से जुड़ा होने के कारण एससीपीपीएम के रूप में पंजीबद्ध हो।आवेदक गौतम पटेल की ओर से अधिवक्ता देवाशीष साकलकर व रणदीप सुरजेबाला ने पक्ष रखा। उन्होंने दलील दी कि जबलपुर के लार्डगंज थाने में पूर्व मंत्री श्रवण पटेल सहित अन्य के विरुद्ध प्रथम सूचना रिपोर्ट थाना लार्डगंज में दर्ज कराई गई थी।
लेकिन थाने की ओर से खारिजी प्रतिवेदन स्वीकृति के लिए केस डायरी सहित प्रस्तुत कर दिया गया। वर्ष 2014 में दर्ज कराई गई एफआईआर का यह मामला पुलिस द्वारा तीन बार खारिजी के लिए प्रस्तुत किया जाना आश्चर्यजनक है क्योंकि अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर जबलपुर द्वारा 14 मार्च 2019 के प्रतिवेदन में कथन और उपलब्ध दस्तावेधों के आधार पर अपराध को गठित होना पाया था। उन्हें कोर्ट में 2 मई 2025 को उपस्थिति होने का आदेश दिया है।
