
जबलपुर। हाईकोर्ट की जस्टिस अनुराधा शुक्ला की एकलपीठ ने पचास हजार रुपये जमा करने की शर्त पर सजा निलंबित करने का आदेश दिया है। मामला आत्महत्या दुष्प्रेरण के आरोप से संबंधित था। न्यायालय ने अपीलकर्ता को जमानत पर रिहा करने की राहत दी है।
अपीलकर्ता सोहागपुर नर्मदापुरम निवासी अर्जुन चौहान की ओर से अधिवक्ता सीएल सेठी ने पक्ष रखा। उन्होंने दलील दी कि अपीलकर्ता को आत्महत्या दुष्प्रेरण के प्रकरण में दोषी पाते हुए अधीनस्थ कोर्ट ने पांच वर्ष के कारावास की सजा सुना दी है। साथ ही ढ़ाई हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। अपीलकर्ता का दावा है कि उसे प्रकरण में झूठा फंसाया गया है। आत्महत्या करने वाले अभिषेक मसीह के मृत्यु पूर्व कथन में उसका नाम उजागर नहीं किया गया था। सुनवाई पश्चात न्यायालय ने उक्त निर्देश दिये।
