सिख दंगों के दोषियों को मिले फांसी की सजा

पूर्व मंत्री बब्बू ने पीएम और प्रदेश सरकार से की मांग

जबलपुर: सिख समाज के अध्यक्ष एवं पूर्व मंत्री हरेंद्र जीत सिंह बब्बू ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से सिख दंगों में शामिल अपराधियों को सजा दिलाने और एक अपराधी सज्जन कुमार को फांसी की सजा देने की मांग की है। पत्रकार वार्ता में हरेंद्र जीत सिंह बब्बू ने बताया कि 1984 के इंद्रा गांधी दंगो में देशभर में हजारों बेगुनाह सिख मारे गए है, किंतु आजतक एक भी गुनहगार को सजा नहीं दी गई है। अभी हाल ही में न्यायालय द्वारा सज्जन कुमार को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है। उन्होंने भारत बर्ष के सिख समाज की तरफ से सज्जन कुमार जैसे जघन्य अपराधी को फाँसी की सजा दी जाने का निवेदन किया है।
पिता को जलाया था जिंदा
पूर्व विधायक पूर्व मंत्री हरेंद्रजीत सिंह बब्बू ने कहा कि हमारा पूरा परिवार पूछना चाहते है कि हमारे पिता को जिंदा क्यों जलाया गया, क्या मेरे पिता ने इंद्रा गांधी को मारा था ? जिसमें आज तक दोषियों को सजा नहीं मिली। रांझी में दो सिख युवकों महेन्द्रपाल सिंह कोहली डिप्टी और गुलबदन सिंह कोहली ‘लवली’ की हत्या की गई जिसमें एक भी दोषी नहीं पकड़ाया गया। वहीं भारतवर्ष के लिए सिक्खों एवं सिक्खों के गुरुओं ने सनातन धर्म के लिए, देश की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर किया, बलिदान दिया।

वहीं दंगाईयों ने तीर्थ स्थान सिखों के तीर्थ गुरु‌द्वारों को क्षतिग्रस्त किया जैसे तीर्थ स्थान ग्वारीघाट गुरुद्वारा मॉ नर्मदा के पास और हाथीताल गुरु‌द्वारे को भी क्षतिग्रस्त किया जबकी गुरु‌द्वारे सभी धर्मो के होते है। 1984 के दंगों की याद आती है तो पूरा सिख समाज मन से रोता है। उन्होंने मध्यप्रदेश सरकार से निवेदन किया है कि 1984 के दंगों में जिनके घर-द्वार जला दिए गए, जो हताहत हुए उन्हें सरकार द्वारा मुआवजा देने की बात कही गई थी जो आज दिनांक तक काफी लोगो को नही मिली, उन्हें मुआवजा दिलाने के साथ सिख समाज को न्याय दिया जाए।

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