ओंकारेश्वर:मंदिर के रैंप में सुविधा न होने से परेशान होते हैं भक्त बीमार और वृद्धों की फजीहत हो रही है। ज्योतिर्लिंग ओंकारेश्वर मंदिर के सामने बनाए गए रैंप में भक्तों को बहुत परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। भीड़ के चलते सामान्य दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं को रैंप मे भेज दिया जाता है।रेम्प में घूम घूम के दर्शन करने के लिए उन्हें मंदिर में पीछे की ओर से आना पड़ता है इसमें करीब 5 घंटे लग जाते हैं और श्रद्धालु बुरी तरह से उसे भीड़ में फंस जाते हैं ना उन्हें पानी मिलता है ना हवा मिलती है ना बैठने की व्यवस्था है पेशाब घर नहीं है ऐसी स्थिति में श्रद्धालु कई बार बेहोश जैसी हालत में होते हैं। रेम्प में भेड़ बकरी जैसे आगे बढ़ते है,चाह कर भी बाहर नहीं निकल पाते है,ना हीं कोई सुरक्षा कर्मी,मंदिर कर्मचारी उस रेम्प में व्यवस्था संभालते हैं।
चिल्ला चोट करने पर भी कोई नहीं सुनता है। कभी कोई बड़ी घटना से इंकार नहीं किया जा सकता है। प्रशासन को ध्यान देना चाहिए और रेम्प में बैठने के लिए ब्रांचेस, पेशाब घर की व्यवस्था और हवा के लिए पंखे,पिने का पानी,सुरक्षा कर्मी हर रेम्प में, प्राथमिक इलाज की व्यवस्था करना चाहिए यदि कोई भक्त बाहर आना चाहता हो उसे बाहर निकलने की सुविधा होना चाहिए।
अन्यथा रेम्प में से श्रद्धालुओं को ले जाना प्रतिबंध लगा देना चाहिए, उक्त मांग अखिल भारतीय ब्राह्मण समाज के पुरोहित पुजारी इकाई के अध्यक्ष पंडित जयप्रकाश पुरोहित ने मुख्यमंत्री ,कलेक्टर खंडवा,एसडीएम एवं मंदिर ट्रस्ट के सीईओ से की है।
ओंंकारेश्वर मंदिर में डिप्टी कलेक्टर तैनात
विगत कुछ समय से पवित्र नगरी ओंकारेश्वर में श्रद्धालुओं की संख्या में अप्रत्याशित वृद्धि हुई है, जिससे दर्शन व्यवस्था में अनेक प्रकार की समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं। विभिन्न सूचना तंत्रों के माध्यम से संज्ञान में आया है कि मंदिर परिसर में कुछ ऐसे तत्व सक्रिय हैं, जो श्रद्धालुओं से अनुचित ढंग से व्ही.आई.पी. दर्शन के नाम पर, सामान्य दर्शन व्यवस्था को बाधित करते हैं। कई बार श्रद्धालुओं से अभ्रदता की शिकायतें भी प्राप्त होती हैं,जिससे मन्दिर परिसर में आए दिन अव्यवस्था की स्थिति निर्मित होती है। ओंकारेश्वर मंदिर में दर्शन व्यवस्था का सुचारु रुप से संचालन एवं असामाजिक तत्वों पर कड़ा नियंत्रण स्थापित करने के उद्देश्य से कलेक्टर ऋषव गुप्ता ने प्रभारी डिप्टी कलेक्टर मुकेश काशिव को आगामी आदेश तक अस्थायी रूप से ओंकरेश्वर में कत्र्तव्यस्थ किया है। जारी आदेश में उल्लेख है कि प्रभारी डिप्टी कलेक्टर काशिव सामान्य एवं व्ही.आई.पी. दर्शन व्यवस्था का सुचारु रुप से संचालन करेंगे।
मंदिर परिसर में असामाजिक तत्वों द्वारा पैसे लेकर व्ही.आई.पी. दर्शन को रोकेंगे। मंदिर परिसर में कानून व्यवस्था की स्थिति निर्मित नहीं होने देंगे झूला पुल पर भीड़ को एकत्रित नहीं होने देंगे। असामाजिक तत्वों पर श्रद्धालुओं से अभद्रता करने पर उनके विरूद्ध कानूनी कार्यवाही करवाना सुनिश्चित करेंगे। मंदिर परिसर में संदिग्ध व्यक्तियों द्वारा अनैतिक गतिविधियों,भ्रामक जानकारी फैलाने कानून व्यवस्था की स्थिति निर्मित करने के प्रयास तथा नियमित व्यवस्थाओं का उल्लंघन करने वालो पर कार्यवाही करेंगे। साथ ही आदेश का उल्लंघन करने वालों पर भारतीय नागरिक संहिता की धारा 223 के अंतर्गत कार्यवाही की जायेगी।
