दमोह: मूर्ति मिलने पर सूचना प्राप्त हुई थी कि न्यू दमोह एक मूर्ति पड़ी हुई है, जिस पर तत्काल मौके पर एएसआई आनंद कुमार ने पहुंचकर उसको देखा गया जो एक शिलालेख खंड था, जिसको जेसीबी की मदद से सुरक्षित पुरातत्व संग्रहालय दमोह में डॉक्टर सुरेंद्र चौरसिया से संपर्क कर पुरातत्व संग्रहालय में सुरक्षित रखा गया.
जिनके द्वारा बताया गया है कि यह सती शिलालेख खंड है, जो करीब 1000 वर्ष पुराना है.
