
अधिकतम एवं न्यूनतम तापमान में आई गिरावट
झाबुआ। नवंबर पूरे माह एवं दिसंबर माह के आधे पखवाड़े तक कड़ाके की ठंड पड़ने के बाद पिछले कुछ दिनों से ठंड के तेवर कुछ कम हुए थे, लेकिन पिछले 3-4 दिनों से तापमान में फिर गिरावट दर्ज की जा रहीं है। अधिकतम एवं न्यूनतम तापमान घटने के साथ ठंड का आभास अधिक होने लगा है। अब जाते-जाते ठंड अपना असर दिखा रहीं है। अलसुबह एवं रात्रि में अलाव जलने के साथ लोग अदरक और ईलायची वाली चाय का सेवन कर रहे है। बाजार में सजी दुकानों पर गराड़ू, जलेबी, गरम दूध, गाजर के हलवे का आनंद लिया जा रहा है। रात में चादर और रजाई में सोना सुकुन दे रहा है। सुबह एवं रात के दौर में लोग स्वेटर, कोट, मफलर, टोपी आदि का इस्तेमाल कर रहे है। मौसम विभाग के तकनीकी अधिकारी राजेशकुमार त्रिपाठी ने बताया की 4 जनवरी को अधिकतम तापमान 32 डिग्री एवं न्यूनतम तापमान 10.2 डिग्री सेल्सियस, 5 जनवरी को अधिकतम तापमान 33.4 डिग्री एवं न्यूनतम तामपन 12 डिग्री सेल्सियस, 6 जनवरी को अधिकतम टेम्प्रेचर 31.4 डिग्री सेंटीग्रेट एवं न्यूतनतम 12.5 डिग्री सेंटीग्रेट तथा 7 जनवरी को तापमान घटकर अधिकतम तापमान 26.8 डिग्री एवं न्यूनतम तापमान 10.4 डिग्री सेल्सियस रेकार्ड किया गया। शीत ऋतु में सबसे कम तापमान दिसंबर माह में दर्ज किया गया था। त्रिपाठी ने आगे बताया कि मौसम अनुसंधान केंद्र भोपाल से प्राप्त शेड्यूअल अनुसार आगामी 4-5 दिनांे तक अधिकतम तापमान 26 से 27 डिग्री सेल्सियस एवं न्यूनतम टेम्प्रेचर 9 से 11 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है।
रबी फसलों के लिए उपयुक्त मौसम
वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ. एम किराड़ ने बताया की वर्तमान मौसम में बच्चों और बुजुर्गों को अपने स्वास्थ्य के प्रति ध्यान रखना आवश्यक है। शरीर में कुछ भी तकलीफ होने पर डॉक्टरों से परामर्श लेने के साथ समुचित उपचार करवाएं। मानसिक एवं शारीरिक स्वास्थ्य की देखभाल करे। प्रख्यात योग गुरू रूक्मणी वर्मा के अनुसार प्रातःकाल एवं संध्याकाल योग, प्रणायाम, आसन एवं व्यायाम करने से हम कई प्रकार की बीमारियों से बच सकते है। वरिष्ठ कृषि वैज्ञानिक अधिकारी डॉ. आईएस तोमर ने जानकारी दी की वर्तमान मौसम रबि फसलों के लिए ठीक है। जिसमें बारह मासी बोई जाने वाली मक्का की फसल बड़ी होने के साथ गेहूं, चना, सरसो की फसलों से पैदावार शुरू हो गई है। किसानों को खेतों में समय-समय पर खरपतवार (कटाई-छटाई), दवाई छिड़काव आदि कार्य किया जाना आवश्यक है।
7 झाबुआ-1- बाजार में इस तरह के दृश्य देखने को मिल रहे है
