
राजगढ़। पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह की सत्य सनातन यात्रा शुक्रवार शाम को जिला मुख्यालय पहुंची. खिलचीपुर नाके पर आयोजित स्वागत मंच से दिग्विजय सिंह ने सनातन, धर्म और देश के लोकतंत्र को लेकर अपनी बात रखी.
उन्होंने कहा कि सनातन का अर्थ सर्वधर्म समभाव है. इसे हिंदुत्व से जोडक़र देखना उचित नहीं है. उन्होंने राम मंदिर निर्माण के लिए एकत्रित किए गए चंदे का हिसाब मांगते हुए कहा कि वर्ष 1993 में उन्होंने नारा दिया था- राम भक्त जागो, चंदे का हिसाब मांगो. पिछले 30 वर्षों से वे इस चंदे का हिसाब मांग रहे हैं. लेकिन हिसाब नहीं दिया जा रहा. उन्होंने आरोप लगाया कि हिसाब इसलिए नहीं दिया जाता, क्योंकि इनकी चोरी की आदत है.
सिंह ने कहा कि लोग उनसे सवाल कर रहे हैं कि 80 वर्ष की उम्र में पदयात्रा निकालने का विचार कैसे आया. इस पर उनका कहना था कि उनकी पार्टी ने उन्हें बहुत कुछ दिया है. ऐसे में देश और लोकतंत्र की रक्षा के लिए महात्मा गांधी, जवाहरलाल नेहरू और इंदिरा गांधी के आदर्शों को लेकर पदयात्रा निकालने में किसी को आपत्ति नहीं होना चाहिए. उन्होंने कहा कि सनातन का मूल भाव सर्वधर्म समभाव है. इस दौरान उन्होंने मंच से शांति पाठ भी करवाया. अपने संबोधन के अंत में उन्होंने उपस्थित लोगों का आभार जताते हुए कहा कि हम सब एक हैं, सबका मालिक एक है का नारा भी लगवाया.
उल्लेखनीय है कि शुक्रवार को यात्रा का रात्रि विश्राम राजगढ़ स्थित एक निजी होटल में रहा. शनिवार सुबह यात्रा कालीपीठ मार्ग से आगे प्रस्थान करेगी. इस दौरान दोपहर का विश्राम ढंड जोड़ के बाबा रामदेव मंदिर पर प्रस्तावित है.
भतीजे प्रियव्रत की तारीफ से शुरू किया संबोधन
दिग्विजय सिंह ने अपने संबोधन की शुरुआत कांग्रेस जिलाध्यक्ष प्रियव्रत सिंह की तारीफ से की. उन्होंने कहा कि जिस विचारधारा के साथ उन्होंने राजनीति शुरू की. जिस विचारधारा को अपनाकर राजगढ़ जिले में कांग्रेस को स्थापित किया और अपने पूरे राजनीतिक जीवन में जिसे आगे बढ़ाने का काम किया, उसी विचारधारा को अब उनके भतीजे प्रियव्रत आगे बढ़ा रहे है. उल्लेखनीय है कि दिग्विजय सिंह के संबोधन से पहले जिलाध्यक्ष प्रियव्रत सिंह ने सत्य सनातन यात्रा का स्वागत करते हुए देशभर में एसआईआर के विरोध और वोट चोरी के मुद्दे को उठाया। उन्होंने भाजपा और आरएसएस पर भी जमकर निशाना साधा.
स्वागत के बहाने दिखाया दम
सत्य सनातन यात्रा के जिला मुख्यालय पहुंचने पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों ने गर्मजोशी से अपना – अपना स्वागत किया. स्वागत के लिए ढोल-डीजे, लाउडस्पीकर, आर्केस्ट्रा, राम दरबार की झांकी, बैंड-बाजे सहित कई इंतजाम किए गए थे. जेसीबी और क्रेन के माध्यम से पुष्पवर्षा भी की गई. शहर में अलग-अलग स्थानों पर बनाए गए स्वागत मंचों से हुए भव्य स्वागत ने आयोजन को कई मायनों में शक्ति प्रदर्शन का रूप दे दिया.
श्री अंजनीलाल मंदिर में किए दर्शन
खिलचीपुर नाके पर स्वागत कार्यक्रम के बाद होटल संस्कृति जाते समय दिग्विजय सिंह बायपास स्थित श्री अंजनीलाल मंदिर पहुंचे. यहां उन्होंने मंदिर में प्रवेश कर भगवान के दर्शन किए. मंदिर समिति के सदस्यों ने उनका स्वागत किया और सांसद निधि से पूर्व में कराए गए विकास कार्यों की जानकारी भी दी.
