बेंगलुरु, 25 अक्टूबर (वार्ता) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने रविवार को कर्नाटक विधान परिषद चुनाव के दौरान कांग्रेस पर चुनावी धांधली का आरोप लगाया है।
भाजपा का दावा है कि पश्चिम स्नातक चुनाव क्षेत्र में हावेरी जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष संजीव कुमार नीरलागी की पत्नी आशा पाटिल के नाम पर एक महिला ने फर्जी मतदान किया।
यह मामला हावेरी तहसीलदार कार्यालय में बनाए गए मतदान केंद्र का है। भाजपा का आरोप है कि कांग्रेस कार्यकर्ता शिल्पा बदम्मनवर ने आशा पाटिल की पहचान पर वोट डाला।
भाजपा ने यह भी आरोप लगाया कि कर्नाटक के मंत्री रुद्रप्पा लमाणी को उस महिला के साथ मतदान केंद्र में प्रवेश करते देखा गया था। पार्टी ने इस पर कांग्रेस नेतृत्व से जवाब मांगा है और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
उधर, श्री नीरलागी ने स्पष्ट किया कि उनकी पत्नी की तबीयत खराब थी और वह वोट डालने नहीं गई थीं। उन्होंने शुक्रवार रात यह सूचना मिलने पर हैरानी जताई कि उनकी पत्नी के नाम पर किसी और ने मतदान कर दिया है और सवाल उठाया कि पोलिंग अधिकारियों ने बिना पहचान सत्यापित किए वोट कैसे डालने दिया।
श्री नीरलागी ने कहा कि वह इस मामले में कानूनी सलाह ले रहे हैं और जल्द ही चुनाव अधिकारियों तथा चुनाव आयोग से औपचारिक शिकायत दर्ज कराएंगे।
श्री नीरलागी ने हालांकि मंत्री रुद्रप्पा लमाणी का बचाव करते हुए कहा कि इस घटना से मंत्री का कोई लेना-देना नहीं है, क्योंकि सार्वजनिक जीवन में राजनेताओं के साथ लोग अक्सर तस्वीरें खिंचवा लेते हैं।
हावेरी के जिला चुनाव अधिकारी विजय महंतेश दानम्मनवर ने बताया कि इस संबंध में अभी तक किसी भी राजनीतिक दल की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं मिली है।
उन्होंने कहा कि प्रशासन सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो फुटेज और उपलब्ध सीसीटीवी साक्ष्यों की जांच कर रहा है, और जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
इस घटनाक्रम के बाद पश्चिम स्नातक सीट पर चुनाव प्रक्रिया को लेकर राजनीतिक विवाद गहरा गया है, जहां भाजपा ने मतदान केंद्र पर मतदाताओं की पहचान जांच प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
फिलहाल फर्जी मतदान के आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है और चुनाव अधिकारियों के साक्ष्यों की समीक्षा का इंतजार है।
