
छिंदवाड़ा. नाबालिग के साथ दुष्कर्म कर उसे गर्भवती करने के मामले में न्यायालय ने दुराचारी युवक को 29 वर्ष की सजा सुनाया है. 14 वर्षीय नाबालिग की आरोपी करण पिता मनिलाल यादव उम 18 वर्ष 09 माह निवासी ग्राम बुरीकला चौकी अंबाड़ा से दोस्ती हो गई थी. नाबालिग के माता पिता मजदूरी करने के लिए भोपाल गए हुए थे तब 26 जनवारी 2025 की रात को करण यादव ने नाबालिग को ग्राम के पास स्थित स्कूल के पास वाली पानी की टंकी के आगे अकेले मिलने के लिए बुलाया. आरोपी करण यादव ने नाबालिग को बहला फुसला कर उसके साथ दुराचार किया. उसके बाद कई बार करण यादव ने पीडिता के साथ गलत काम किया । 16 जुलाई 2025 की रात करीब 8 बजे आरोपी करण ने नाबालिग के साथ फिर गलत काम किया. दीपावली में नाबालिग के मम्मी-पापा मजदूरी करके घर वापस आ आए और उन्होंने नाबालिग के पैरों में, चेहरे में सूजन और पेट बढ़ा हुआ देखकर पूछे तो नाबालिग ने उन्हे घटना की पूरी बात बताई. 24 अक्टुंबर 2025 को गर्भवती होने की जांच कराई गई जिसमें नाबालिग के गर्भवती होने की पुष्टी होने के बाद जुन्नारदेव अस्पताल इलाज कराने गई थी तो डॉक्टर ने नाबालिग को जिला अस्पताल छिन्दवाडा रेफर कर दिया गया जहां 27 अक्टुंबर 2025 को जिला अस्पताल में नाबालिग ने मृत बच्चे को जन्म दिया था. उक्त मामले में जुन्नारदेव पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर आरोपी करण यादव को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जहां अपर सत्र न्यायालय जुन्नारदेव ने आरोपी करण यादव उ धारा 5(1), 5(द्भ) (1) सहपठित धारा 6 लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम 2012 के अंतर्गत 20-20 वर्ष सश्रम कारावास एवं 5000-5000 रूपये अर्थदण्ड एवं धारा 95 बीएनएस में 07 वर्ष का सश्रम कारावास और 5000 रुपए के अर्थदण्ड ये दंडित किया.
