
नयी दिल्ली 29 सितम्बर (वार्ता) दिल्ली पुलिस की विशेष शाखा ने विदेशी अंशदान (विनियमन) अधिनियम (एफसीआरए) के अंतर्गत पंजीकरण कराने के बदले रिश्वत मांगने वाले गृह मंत्रालय के दो अधिकारियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई गृह मंत्रालय से मिली जानकारी के आधार पर सोमवार की गयी। गिरफ्तार किए गए दोनों अधिकारियों में से एक वरिष्ठ लेखा अधिकारी और दूसरा लेखा अधिकारी है। उन्होंने कथित तौर पर एक एसोसिएशन से संपर्क किया और उसका लंबित एफसीआरए पंजीकरण कराने के बदले अवैध तरीके से रिश्वत की मांग की। गृह मंत्रालय ने मंगलवार को बताया कि इनमें से एक अधिकारी अभी मंत्रालय के ‘विदेशी प्रभाग’ में तैनात है, जबकि दूसरा अभी वेतन और लेखा विभाग में है। यह पहले विदेशी प्रभाग में काम कर चुका है।
शुरुआती पूछताछ से पता चला है कि वे गैर-कानूनी तरीके से पैसे लेकर कुछ संगठनों के पंजीकरण और नवीकरण में मदद करने के लिए उनके संपर्क में थे। इस मामले में आगे की जांच जारी है।
गृह मंत्रालय भ्रष्टाचार के प्रति ‘ज़ीरो टॉलरेंस’ की नीति के आधार पर इस मामले में उचित कानूनी और विभागीय कार्रवाई कर रहा है। एफसीआरए से जुड़ी सभी सेवाएं एफसीआरए पोर्टल के ज़रिए ऑनलाइन दी जाती हैं और किसी भी सेवा में मदद करने के लिए किसी बिचौलिए, एजेंट या व्यक्ति को अधिकृत नहीं किया गया है।
