फिल्म इंडस्ट्री का चमकता हुआ पर्दा अक्सर ऐसी सच्चाइयों को छिपा लेता है, जिनका अनुमान भी कोई आम इंसान आसानी से नहीं कर सकता। 1970 और 80 के दशक की सबसे खूबसूरत और बोल्ड एक्ट्रेसेस में शुमार परवीन बाबी की जिंदगी भी कुछ ऐसी ही दर्दनाक दास्तान का हिस्सा बनी। पर्दे पर ग्लैमर से घिरी दिखने वाली यह एक्ट्रेस अपनी पर्सनल लाइफ में एक ऐसे अंधेरे से जूझ रही थी, जिसने उनके करियर के साथ-साथ उनके प्यार को भी हमेशा के लिए खत्म कर दिया।
जब फेमस एक्ट्रेस की जिंदगी में आया बड़ा मोड़
महेश भट्ट पहले से शादीशुदा थे, जब उनकी मुलाकात परवीन बाबी से हुई। दोनों का रिश्ता लगभग 3 साल तक चला और उस दौर में यह लव स्टोरी काफी चर्चा में रही। हालांकि, रिश्ते में आने के बाद महेश को पता चला कि परवीन शादीशुदा थीं और उनका पति पाकिस्तान चला गया था। महेश भट्ट से पहले परवीन बाबी का नाम एक्टर कबीर बेदी और डैनी डोंगजप्पा के साथ भी जुड़ा था।
महेश के सामने आया बीमारी का खौफनाक रूप
महेश भट्ट ने एक इंटरव्यू में बताया कि शूटिंग के दौरान परवीन बिल्कुल ठीक नजर आती थीं। वे उनके साथ सेट पर जाते थे और वहां उनका मेकअप भी सही ढंग से होता था। हालांकि, जब वे शाम को वापस लौटते थे, तो माहौल पूरी तरह बदल चुका होता था। परवीन अक्सर किसी कोने में सहमी हुई बैठी मिलती थीं और बेहद डरी हुई नजर आती थीं।
एक डर जो परवीन का पीछा नहीं छोड़ पाया
परवीन बाबी लगातार यह महसूस करती थीं कि कोई उनके पीछे पड़ा है और उन्हें जान से मारना चाहता है। वे सिजोफ्रेनिया नाम की गंभीर मानसिक बीमारी से जूझ रही थीं। महेश भट्ट ने अपनी ओर से उन्हें इस मुश्किल स्थिति से बाहर निकालने का बहुत कोशिश की, लेकिन बीमारी का असर इतना गहरा था कि स्थिति दिन-ब-दिन बिगड़ती ही चली गई।
जब महेश भट्ट और परवीन बाबी का टूटा रिश्ता
महेश भट्ट के अनुसार उस समय परवीन की उम्र सिर्फ 26 साल के आसपास थी। शुरुआत में यूजी कृष्णमूर्ति की मदद से उनकी स्थिति में थोड़ा सुधार जरूर देखा गया। हालांकि, जब परवीन ने महेश भट्ट के सामने शर्त रखी कि उन्हें साथ रहने के लिए फिल्में छोड़नी होंगी, तो रास्ते हमेशा के लिए अलग हो गए। महेश के पास उस रिश्ते को दोबारा संभालने की ताकत नहीं बची थी, जिसके चलते यह दुखद लव स्टोरी हमेशा के लिए खत्म हो गई।
