इंदौर: कल राष्ट्रीय लोक अदालत में नगर निगम को रिकॉर्ड 97 करोड़ 57 लाख रुपए का राजस्व आय हुई है. इसके तहत करीब 24 हजार 6 सौ से ज्यादा रसीद करदाताओं को दी गई है. खास बात यह है कि इस बार लोक अदालत में नगर निगम का ई पोर्टल सही काम किया और करदाताओं को कर जमा करने में कोई दिक्कत नहीं आई.
कल शनिवार को लोक अदालत में नगर निगम केके आशा के अनुरूप राजस्व आय हुई है. नगर निगम को एक दिवसीय लोक अदालत में संपत्तिकर से लगभग 89 करोड़, जलकर से करीब 8 करोड़ तथा ठोस अपशिष्ट प्रबंधन 55 लाख रुपए का राजस्व मिला है.
इसके अलावा निगम को आईडीए से 3.36 करोड़ तथा मध्यप्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन से लगभग 1.50 करोड़ की राशि प्राप्त हुई. उक्त दोनों संस्थाओं के अतिरिक्त 92.71 करोड़ का राजस्व शहर के संपत्ति धारकों के द्वारा जमा कराया गया है. इस बार ई-नगरपालिका पोर्टल ने लोक अदालत के सफल आयोजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. पोर्टल में भुगतान की प्रक्रिया पूरे समय सुचारू एवं निर्बाध रूप से संचालित हुई. किसी भी प्रकार की तकनीकी समस्या का नगर निगम अधिकारियों और करदाताओं को सामना नहीं करना पड़ा.
शहरवासी विकास के प्रति समर्पित
राजस्व प्रभारी निरंजन सिंह चौहान ने बताया कि नागरिकों की सक्रिय सहभागिता ने यह सिद्ध किया कि इंदौरवासी अपने शहर के विकास के प्रति कितने जागरूक एवं समर्पित हैं. योजना का लाभ लेने में बढ़ चढ़कर भाग लिया.
बड़ी संख्या में आए नागरिक
अपर आयुक्त आकाश सिंह ने बताया कि लोक अदालत के दिन बारिश होने के बावजूद करदाताओं के कर जमा करने में कोई कमी नहीं आई. प्रतिकूल मौसम होने के बाद भी बड़ी संख्या में नागरिक अपने बकाया करों का भुगतान करने के लिए आगे आए
