
जबलपुर। पिछले 48 घंटों से सूरज और बादलों की लुका-छिपी का खेल पूरी तरह खत्म हो चुका है। लगातार हो रही बारिश से पूरा शहर पानी-पानी हो गया है। चौबीस घंटे में तीन इंच बदरा बरसे है। गुरूवार को भी सुबह से आसमान में बादलों ने डेरा जमाए रहे। काले बादलों के कारण सूर्य देव के दर्शन तक नहीं हुए। दिनभर कभी तेज झमाझम तो कभी हल्की रिमझिम बारिश का सिलसिला रहा। जिसने पूरे शहर को तर-बतर कर दिया है। लगातार हो रही इस वर्षा के कारण शहर की रफ्तार पूरी तरह थम सी गई है। चौबीस घंटे में 70.6 मिमी बारिश दर्ज हई जबकि मानसून सीजन में बारिश का आंकड़ा 698.4 मिमी पर पहुंच गया। चौबीस घंटे में भारी बारिश का अलर्ट मौसम विभाग ने जारी किया है।
अलर्ट: बरगी बांध के खोले गए 13 जल द्वार
लगातार हो रही बारिश के चलते रानी अवंती बाई लोधी सागर (बरगी बांध) का जलस्तर अपने खतरनाक स्तर के करीब पहुंच गया है। बांध के बढ़ते जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए गुरूवार सुबह बरगी बांध के 5 गेट 1.50 मीटर की ऊंचाई तक खोल दिए गए हैं। दोपहर 12 बजे बांध का जल स्तर 422.35 मीटर आंका गया। वर्तमान में बांध में पानी की आवक 4215 क्यूमेक है। बांध के जलस्तर को नियंत्रित करने के लिएजल की निकसी को बढाकर 3802 क्यूमेक किया जायेगा। इसके बाद 13 जल द्वार 1.96 औसत ऊचाई पर खोले गए जिससे माँ नर्मदा के घाटों पर 7 से 8 फीट पानी की बढोत्तरी होगी। बांध में पानी की आवक के अनुसार जल की निकासी को कभी भी घटाया अथवा बढ़ाया जा सकता है।
