
अधिकारियों के अनुसार, साइबर सुरक्षा, साइकोमेट्रिक्स, प्रश्नपत्र तैयार करने और अन्य विशेषज्ञ क्षेत्रों में निजी क्षेत्र के डोमेन विशेषज्ञों को भी शामिल किया जा रहा है। इसका उद्देश्य परीक्षा प्रणाली की तकनीकी क्षमता और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना है। शिक्षा मंत्री ने बैठक में स्थापित परीक्षा प्रोटोकॉल का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने गोपनीय परीक्षा संचालन की पूरी संरचना में व्यापक बदलाव, सुरक्षित एवं पृथक कमरों, एयर-गैप्ड सिस्टम और परीक्षा प्रक्रिया में उपकरण जमा कराने संबंधी प्रोटोकॉल को युद्धस्तर पर लागू करने पर जोर दिया। उन्होंने एनटीए को सभी परीक्षा प्रक्रियाओं का गहन ऑडिट कराने और सुधारात्मक कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने का भी निर्देश दिया। बैठक में स्पष्ट किया गया कि परीक्षा प्रक्रिया में सुरक्षा, गोपनीयता और निर्धारित प्रोटोकॉल के पालन को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए।
