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नई दिल्ली, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने 79वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर देशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि आजादी का असली मतलब संविधान द्वारा हर नागरिक को बराबरी, न्याय और अभिव्यक्ति की आजादी देना है। उन्होंने केंद्र की भाजपा सरकार पर परोक्ष हमला करते हुए कहा कि पिछले 10 सालों में संवैधानिक मूल्यों और सामाजिक सद्भाव को गंभीर चुनौतियों का सामना करना पड़ा है।
*स्वतंत्रता सेनानियों को दी श्रद्धांजलि*
खड़गे ने अपने संदेश में कहा, “हम उन अनगिनत स्वतंत्रता सेनानियों को विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं जिन्होंने भारत की आजादी के लिए अपना सब कुछ कुर्बान कर दिया। उनका साहस और बलिदान हमें प्रेरित करता रहता है।”
उन्होंने कहा कि पिछले 79 सालों में भारत ने बड़ी कामयाबियां हासिल की हैं, लेकिन अभी भी कई उम्मीदें अधूरी हैं। “हमारे लिए आजादी सिर्फ ब्रिटिश राज से मुक्ति नहीं थी। यह संविधान द्वारा दिया गया बराबरी, इज्जत और बिना डरे बोलने का अधिकार है। यही हमारे लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत है।”
*युवाओं, किसानों और महिलाओं का जिक्र*
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि युवाओं को अपनी आकांक्षाएं पूरी करने के अवसर मिलने चाहिए। किसानों को उनकी मेहनत का सम्मान और न्याय मिले। महिलाओं को बराबरी और देश निर्माण में बराबर की भागीदारी मिलनी चाहिए।
उन्होंने आगे कहा, “दलितों, आदिवासियों, ओबीसी, अल्पसंख्यकों और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को संविधान द्वारा वादा किया गया बराबरी और न्याय मिलना चाहिए।”
*”संकल्प होना चाहिए उम्मीद”*
खड़गे ने जंतर-मंतर पर छात्रों के प्रदर्शन के दौरान हुई कथित कार्रवाई का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पिछले एक दशक में लोकतांत्रिक संस्थाओं पर दबाव बढ़ा है।
अंत में उन्होंने कहा, “इस स्वतंत्रता दिवस पर हमारा सबसे बड़ा संकल्प उम्मीद होना चाहिए।”
