ढाका/नयी दिल्ली, (वार्ता) बंगलादेश की विदेश राज्य मंत्री शमा ओबेद ने गुरुवार को कहा कि प्रधानमंत्री तारिक रहमान की प्रस्तावित भारत यात्रा अभी तय नहीं हुई है।
सुश्री ओबेद ने विदेश मंत्रालय में पत्रकारों से कहा, “भारत यात्रा समेत किसी भी यात्रा को अभी अंतिम रूप नहीं दिया गया है। बातचीत के बाद ही अंतिम फैसला लिया जायेगा।”
श्री रहमान की भारत और जापान यात्राओं के बारे में पूछे जाने पर सुश्री ओबेद ने कहा कि फिलहाल किसी भी यात्रा के लिए कोई तारीख तय नहीं की गयी है। उन्होंने कहा, “जापान यात्रा का कार्यक्रम आपसी सुविधा के समय तय किया जायेगा। प्रधानमंत्री अभी कई कामों में व्यस्त हैं।” नयी दिल्ली और ढाका में दोनों राष्ट्राध्यक्षों के बीच सीधी बातचीत के जरिए द्विपक्षीय मुद्दों को सुलझाने की संभावना का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि भारत को ऐसे मौकों का सही इस्तेमाल करना चाहिए। उन्होंने कहा, “जब भी दोनों देशों के नेता बातचीत करते हैं और द्विपक्षीय चर्चा करते हैं, तो कई मुद्दों को सुलझाने का मौका मिलता है। भारत के साथ संबंध बेहतर करने का मौका है। वे इस बात पर विचार कर सकते हैं कि क्या वे इस मौके का इस्तेमाल करेंगे।”
बंगलादेशी विदेश राज्यमंत्री की यह टिप्पणी बंगलादेश में भारत के उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी की 10 अगस्त को ढाका में श्री रहमान के साथ हुई बैठक के कुछ दिनों बाद आयी है। इस बैठक में उन्होंने द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने, लोगों के बीच संपर्क बढ़ाने और सहयोग एवं साझेदारी के नये रास्ते तलाशने पर चर्चा की थी।इसके दूसरे दिन ही श्री त्रिवेदी भारत गये और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। इससे दोनों पक्षों द्वारा द्विपक्षीय तनाव कम करने की कोशिशों के बीच बंगलादेश के प्रधानमंत्री के साथ ढाका में हुई बैठक का महत्व और बढ़ गया।
ये बैठकें ऐसे समय में हुई हैं जब बंगलादेश ने पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना द्वारा गत पांच अगस्त को नयी दिल्ली में ऑनलाइन मीडिया को संबोधित करने पर नाराजगी जतायी थी। यह तारीख तथाकथित छात्र अशांति के बाद उनके भारत में निर्वासन में जाने के दो साल पूरे होने का प्रतीक थी।
ग्यारह अगस्त को भारत के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने एक अहम जानकारी देते हुए बताया कि बंगलादेशी प्रधानमंत्री को द्विपक्षीय यात्रा और बिम्सटेक के अध्यक्ष के तौर पर नयी दिल्ली में होने वाले आगामी ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के आउटरीच सत्र में भाग लेने के लिए भारत आमंत्रित किया गया है।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा, “हमने द्विपक्षीय यात्रा के साथ-साथ दिल्ली में होने वाले ब्रिक्स आउटरीच सत्र के लिए भी निमंत्रण भेजा है।”
