नयी दिल्ली, 10 अगस्त (वार्ता) लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सोमवार को सभी राजनीतिक दलों के नेताओं से सदन में जारी गतिरोध समाप्त करने और कार्यवाही सुचारु रूप से चलाने में सहयोग करने की अपील की।
श्री बिरला ने कार्यमंत्रणा समिति (बीएसी) की बैठक के दौरान सदन में बार-बार हो रहे व्यवधान पर चिंता जताते हुए कहा कि संसद जनता के मुद्दों को उठाने, उन पर चर्चा करने और उनके समाधान का महत्वपूर्ण मंच है।
सूत्रों के अनुसार, लोकसभा अध्यक्ष ने दलों के नेताओं से कहा कि सदन की कार्यवाही चलने दी जाये, ताकि प्रश्नकाल में सांसद अपने क्षेत्रों और जनता से जुड़े मुद्दे सरकार के समक्ष उठा सकें और महत्वपूर्ण विधेयकों तथा जनहित के विषयों पर सार्थक चर्चा हो सके। उन्होंने कहा कि जनता से जुड़े मुद्दों को लंबित नहीं रखा जा सकता। इन मुद्दों को सदन में उठाया जाना चाहिए, उन पर व्यापक चर्चा होनी चाहिए और समाधान निकालने का प्रयास किया जाना चाहिए।
श्री बिरला ने संसदीय लोकतंत्र में रचनात्मक चर्चा, सभी सदस्यों की सार्थक भागीदारी और संसदीय परंपराओं के पालन को आवश्यक बताया। उन्होंने कहा कि राजनीतिक मतभेद लोकतंत्र का स्वाभाविक हिस्सा हैं और उन्हें बहस तथा चर्चा के माध्यम से व्यक्त किया जा सकता है, लेकिन इससे सदन की कार्यवाही प्रभावित नहीं होनी चाहिए। उन्होंने सभी दलों से सदन की गरिमा और लोकतांत्रिक परंपराओं को बनाए रखने में सहयोग करने का आग्रह किया।
उल्लेखनीय है कि 20 जुलाई से शुरू हुआ मानसून सत्र 13 अगस्त तक चलना प्रस्तावित है। सत्र के दौरान नीट-यूजी विवाद समेत विभिन्न मुद्दों पर विपक्ष के विरोध और चर्चा की मांग के कारण सदन की कार्यवाही लगातार बाधित हुई है। ऐसे में सत्र के शेष दिनों का प्रभावी उपयोग करने तथा लंबित विधायी कार्यों और जनहित के मुद्दों पर पर्याप्त चर्चा सुनिश्चित करने के लिए अध्यक्ष ने सभी दलों से सहयोग का आग्रह किया है।
