श्योपुर : कलेक्टर सुश्री शीला दाहिमा ने जिला पंचायत सभागार में नव नियुक्त आंगनबाडी कार्यकर्ताओं के 6 दिवसीय इंडेक्शन प्रशिक्षण को संबोधित करते हुए कहा कि सेवा भावना एवं मानवीय मूल्यों के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें। आंगनबाडी कार्यकर्ता की भूमिका महत्वपूर्ण है, आंगनबाडी केेन्द्र बच्चों के सर्वागिण विकास की प्रमुख संस्था है। अपने गुणवत्तापूर्ण कार्यो से स्वयं के व्यक्तित्व को आगे बढाते हुए विभाग की छवि को आगे बढाने का कार्य करें।
गत 30 जुलाई से 4 अगस्त तक आयोजित 6 दिवसीय इंडेक्शन प्रोग्राम के समापन अवसर पर महिला बाल विकास अधिकारी श्री श्यामबाबू खरे, सीडीपीओ श्री पवनजीत अरोरा सहित मास्टर ट्रेनर एवं पर्यवेक्षक सहित नव नियुक्त 40 आंगनबाडी कार्यकर्ताए उपस्थित रही। कलेक्टर सुश्री शीला दाहिमा ने कहा कि बच्चों की देखभाल करना, उन्हें स्वस्थ रखना तथा प्राथमिक शिक्षा के लिए तैयार करना यह आंगनबाडी कार्यकर्ताओं के दायित्वों के महत्वपूर्ण घटक है। उन्होंने कहा कि आंगनवाड़ी केंद्र केवल पोषण केंद्र नहीं, बल्कि बच्चों के शुरुआती विकास और समुदाय के स्वास्थ्य की आधारशिला हैं।
इस अवसर पर महिला बाल विकास अधिकारी श्री श्यामबाबू खरे ने बताया कि 6 दिवसीय इंडेक्शन कार्यक्रम के दौरान नव नियुक्त आंगनबाडी कार्यकर्ताओं को आईसीडीएस का परिचय एवं सुदृढ़ीकरण, समेकित बाल विकास सेवा की प्रक्रिया, इसके दूरगामी उद्देश्य और आने वाली व्यावहारिक चुनौतियों का मैदानी स्तर पर समाधान, आंगनबाडी भूमिका एवं उत्तरदायित्व के संबंध 12 मास्टर ट्रेनर्स द्वारा प्रशिक्षण प्रदान किया गया है। कलेक्टर सुश्री शीला दाहिमा द्वारा समापन के अवसर पर नव नियुक्त आंगनबाडी कार्यकर्ताओं एवं मास्टर ट्रेनर्स पर्यवेक्षक को इंडेक्शन कार्यक्रम पूर्ण करने के लिए प्रमाण पत्र प्रदान किये गये।
