सिंगरौली: जिला अस्पताल सिंगरौली में कार्यरत ड्यूटी डॉक्टरों ने मेडिकल कॉलेज के चिकित्सकों की लगातार अनुपस्थिति, बढ़ते कार्यभार और सुरक्षा संबंधी समस्याओं को लेकर कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर त्वरित हस्तक्षेप की मांग की है। ज्ञापन में कहा गया है कि जिला अस्पताल में मात्र आठ ड्यूटी डॉक्टर 24 घंटे इमरजेंसी, एमएलसी, पोस्टमार्टम सहित अन्य आवश्यक सेवाओं का संचालन कर रहे हैं, जबकि मेडिकल कॉलेज के साथ एमओयू होने के बाद भी पर्याप्त चिकित्सकीय सहयोग नहीं मिल रहा है।
ज्ञापन के अनुसार, जिला अस्पताल में मेडिकल कॉलेज के विशेषज्ञ चिकित्सक, सीनियर व जूनियर रेजिडेंट सहित लगभग 65 से 70 डॉक्टर उपलब्ध हैं, लेकिन अधिकांश विभागों में उनकी नियमित उपस्थिति नहीं रहती। आरोप है कि वार्ड राउंड नहीं होने और भर्ती मरीजों का समय पर परीक्षण नहीं किए जाने के कारण मरीजों व उनके परिजनों का आक्रोश ड्यूटी डॉक्टरों, नर्सिंग स्टाफ, वार्ड बॉय और सुरक्षा कर्मियों को झेलना पड़ता है।
डॉक्टरों ने बताया कि कई बार मेडिकल कॉलेज प्रशासन को इस संबंध में अवगत कराया गया, लेकिन स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ। इससे अस्पताल का वातावरण तनावपूर्ण बना रहता है और कर्मचारियों की सुरक्षा पर भी खतरा मंडराता है। साथ ही, सीमित संख्या में ड्यूटी डॉक्टरों पर लगातार मानसिक और शारीरिक दबाव बढ़ रहा है, जिससे मरीजों को भी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।
ज्ञापन में कलेक्टर से मांग की गई है कि मेडिकल कॉलेज के चिकित्सकों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित कराई जाए, वार्ड राउंड एवं आईपीडी मरीजों की समुचित देखभाल की व्यवस्था बनाई जाए तथा डीन और सिविल सर्जन के बीच समन्वय स्थापित कर सुव्यवस्थित ड्यूटी रोस्टर तैयार किया जाए। इसके अलावा ड्यूटी डॉक्टरों, नर्सिंग स्टाफ, गार्ड एवं वार्ड बॉय की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा उनके साथ होने वाली अभद्रता पर प्रभावी कार्रवाई की भी मांग की गई है।
ड्यूटी डॉक्टरों ने उम्मीद जताई है कि प्रशासन शीघ्र हस्तक्षेप कर व्यवस्था में सुधार करेगा, जिससे चिकित्सकों पर बढ़ता दबाव कम होगा और मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी।
