जबलपुर: पनागर थाना अंतर्गत मझौली चौराहा कटनी रोड पर गत दिवस पकड़ी गई अवैध और अमानक डीएपी के मामले में किसान कल्याण व कृषि विकास विभाग द्वारा तीन आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है।जानकारी के अनुसार कृषि विभाग ने उर्वरक के अवैध कारोबार के खिलाफ 17 जुलाई को कार्यवाही की थी। कार्यवाही में फेमिली रेस्टोरेंट के पास कृषि अधिकारियों की चेकिंग के दौरान वाहन क्रमांक एमपी 20 जेड क्यू 3246 में 60 बोरी डीएपी पाई गई थी।
जाँच में मोबाइल पर दिखाए गए बिल के अनुसार उर्वरक विंध्य ट्रेडर्स, रीवा से श्री गणेश एग्रो सीड्स पनागर के लिए लाया जा रहा था, जबकि पनागर विकासखंड में इस नाम का कोई भी प्रतिष्ठान अस्तित्व में नहीं है। बिल में उर्वरक आईपीएल कंपनी का दर्शाया गया था, जबकि मौके पर भौतिक रूप से इफ्को कंपनी के नाम की बोरियां पाई गईं। उन्होने बताया कि जब्त डीएपी का नमूना लेकर प्रयोगशाला में परीक्षण कराया गया, जहां विश्लेषण के उपरांत यह अमानक (घटिया स्तर का) पाया गया।
इसके अलावा बोरियों में डीएपी के स्थान पर अन्य पदार्थ के दाने भरे हुए मिले। कार्यवाही में मौके पर ही मवाहन सहित अमानक डीएपी को जब्त कर लिया गया था। किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग की जांच रिपोर्ट पर थाना पनागर में बुधवार को वाहन चालक रामकृष्ण यादव निवासी महाराजपुर जबलपुर, विक्रेता आकाश सिंह निवासी ग्राम बेला जिला रीवा एवं क्रेता सुमित तिवारी के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया गया।
