
बालाघाट। आबकारी विभाग ने कटंगी के पठार क्षेत्र में अवैध शराब के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए गोरेघाट के पास बावनथडी नदी से भारी मात्रा में महुआ लाहन जब्त कर नष्ट किया है।
लंबे समय से चल रहे अवैध महुआ शराब निर्माण के इस अड्डे पर छापेमारी से क्षेत्र के शराब माफियाओं में हड़कंप मच गया है।
आबकारी विभाग को गुप्त सूचना मिली थी कि गोरेघाट के पास बावनथडी नदी के किनारे रेत के नीचे महुआ लाहन छुपाकर अवैध शराब बनाने की तैयारी की जा रही है। आबकारी टीम ने मौके पर दबिश दी तो नदी किनारे रेत खोदकर रखे गए ड्रमों और प्लास्टिक की बोरियों में भरा महुआ लाहन बरामद हुआ। अनुमान है कि यहां भारी मात्रा में लाहन पानी में भिगो कर शराब बनाने की तैयारी कि जा रहा थी।
महाराष्ट्र में होती थी तस्करी
जांच में पता चला कि शराब माफिया नदी के उस पार महाराष्ट्र प्रांत और गोरेघाट के आस पास के ग्रामों में अवैध शराब बेचते थे। रात में नदी के रेत में लाहन दबाकर रखते, फिर उसे निकालकर शराब के भट्टे जला कर शराब बनाते हैं
आबकारी विभाग ने मौके पर प्रकरण दर्ज कर सभी महुआ लाहान को नष्ट कर दिया। साथ ही आसपास लगे भट्ठियों के अवशेष भी तोड़े गए।
आबकारी अधिकारी ने बताया: गोरेघाट क्षेत्र लंबे समय से अवैध शराब का हब बना हुआ था। नदी का फायदा उठाकर माफिया यहां शराब बनाकर महाराष्ट्र भेज रहे थे। अब इस पर कड़ी नजर रखी जाएगी।
माफियाओं में हड़कंप
कार्रवाई की खबर फैलते ही गोरेघाट और आसपास के गांवों में अवैध शराब बनाने वाले भूमिगत हो गए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि पिछले अनेक वर्षों से यहां रात-रात भर भट्ठियां जलती थीं और नदी के रास्ते शराब बाहर जाती थी।
