
छिंदवाड़ा. नाबालिग को शादी का प्रलोभन देकर उसके साथ दुष्कर्म करने वाले दुराचारी को तृप्ति पाण्डे विशेष न्यायाधीश (पाक्सो एक्ट) छिन्दवाडा द्वारा 20 वर्ष का कठोर कारावास एवं 2000 रू के अर्थदंड से दंडित किया। नाबालिग की मौसी द्वारा 18 मार्च 2025 को थाना कोतवाली में उपस्थित होकर नाबालिग पीडिता की गुमशुदगी रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसकी बहन की बेटी 20 फरवरी 2025 को उसके घर मेहमानी के लिये आई थी 17 मार्च 2025 को बिना बताये दिन के करीब 3 बजे घर से कही चली गई है. शिकायत के बाद पुलिस ने नाबालिग को दस्तयाब कर लिया. पूछताछ में नाबालिग ने पुलिस को बताया कि आरोपी सुरेन्द्र उसकी सहेली का रिश्तेदार था जिससे जान पहचान होने के कारण वह उससे बात करती थी. 17 मार्च 2025 को आरोपी सुरेन्द्र ने नाबालिग को शादी का प्रलोभन देकर होशंगाबाद लेकर गया और वहां किराये के कमरे में रख कर गलत काम करते रहा। पुलिस ने आरोपी सुरेन्द्र के खिलाफ धारा 137(2), 64 (2) (एम), 65, 127(3) बीएनएस, एवं 3,4 5 (एल) 6 पॉक्सो एक्ट अंतर्गत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना उपरांत अभियोग पत्र विशेष न्यायालय में प्रस्तुत किया गया जहां विचारण के दौरान आई साक्ष्य तथा अभियोजन पक्ष तथा बचाव पक्ष के तर्को को सुनने के उपरांत न्यायालय द्वारा आरोपी को धारा 65 (1), 64(2) (एम) बीएनएस में एवं धारा 3,4(2), 5 (एल) 6 पॉक्सो में 20 वर्ष का कठोर कारावास एवं 2,000 रूपये के अर्थदण्ड दंडित किया गया। प्रकरण की नाबालिग को न्यायालय द्वारा प्रतिकर राशि 2,50,000 दिये जाने की अनुशंसा के साथ जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को निर्देशित किया गया।
