
सागर। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि बुन्देलखंड की इस धरती ने अपने अंदर गौरवशाली अतीत को संजोकर रखा है। बुन्देलखंड के वीरों ने अतीत से लेकर आज तक देश के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर किया है। उन्होंने कहा कि मातृशक्ति का आशीर्वाद सरकार के लिए संबल प्रदान कर रहा है। उनकी सहभागिता एवं नेतृत्व के माध्यम से आज मध्यप्रदेश विकास पथ पर आगे बढ़ता हुआ भारत को विकसित भारत बनाने में अपना सहयोग दे रहा है।मुख्यमंत्री आज सागर जिले के केसली में आयोजित लाड़ली बहना सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। लाड़ली बहना सम्मेलन में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने लगभग 190.85 करोड़ रुपये की लागत के कुल 53 कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन करते हुए शिलापट्टिका का अनावरण किया। जिसमें लगभग 68.83 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित 25 निर्माण कार्यों का लोकार्पण एवं 122.02 करोड़ रुपये की लागत से 28 कार्यों का भूमिपूजन किया गया एवं लाड़ली बहना योजना की 37वीं किस्त भी जारी की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मातृशक्ति का सशक्तिकरण और उनका नेतृत्व वर्तमान की आवश्यकता है और सरकार इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए लगातार का कार्य कर रही है। लाड़ली बहना योजना जो कि आज तीसरे साल में प्रवेश कर रही है जिसके माध्यम से प्रत्येक माह बहनों के बैंक खातों में राशि प्रदान की जा रही है। लाड़ली बहना योजना हमारी माताओं बहनों के आर्थिक स्वावलंबन का आधार बनी है।मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि इससे सुखद बात क्या हो सकती है कि लाडली बहना योजना से मिली राशि के एक-एक पैसे से बहनें अपने परिवार के संचालन में सहयोग कर रही हैं। यह उनका समर्पण है, उनका अपना त्याग है। उन्होंने कहा कि लाड़ली बहना योजना सहित अन्य योजनाओं के माध्यम से महिलाओं के सामाजिक स्तर में बड़ा सुधार आया है। उन्होंने कहा कि बहनों एवं मातृशक्ति के आशीर्वाद से राज्य सरकार निरंतर विकास कार्यों को आगे बढ़ा रही है। आज उनके मन में शिक्षा, सुरक्षा और सम्मान का विश्वास बढ़ रहा है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि इस वर्ष मध्यप्रदेश सरकार कृषक कल्याण वर्ष मना रही है। कृषक कल्याण वर्ष में सरकार किसानों के हित में अनेक महत्वपूर्ण कार्य कर रही है उनके खेतों के लिए पानी की व्यवस्था कर रही है। उन्होंने कहा कि सिंचाई के मामले में मध्यप्रदेश में 44 लाख हेक्टेयर से बढ़कर 65 लाख हेक्टेयर तक सिंचित रकवा पहुचा है और सरकार का लक्ष्य इसे 100 लाख हेक्टेयर करने का है। जब किसान के खेत में पानी आता है तो उसके साथ उसके जीवन में बदलाव आता है। दुग्ध उत्पादन को बढावा देने के लिए भी सरकार कार्य कर रही है। जहां सरकार ने गौमाताओं के लिए प्रतिदिन खर्च को बढाया है, वहीं दुग्ध उत्पादन एवं खाद्य प्रसंस्करण के लिए सरकार योजनाएं चला रही है एवं विभिन्न योजनाओं के माध्यम से अनुदान प्रदान कर रही है। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविन्द सिंह राजपूत ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने लाड़ली बहनों से जो वादा किया था, वह निभाया है। कृषक कल्याण वर्ष में किसानों का कल्याण किया जा रहा है, उनकी उपज को सरकारी दाम पर खरीदा जा रहा है। इस वर्ष 104 लाख मीट्रिक टन गेहूं की खरीदी की गई। उन्होंने कहा कि पहली बार मध्यप्रदेश में किसानों की भूमि का अधिग्रहण होने पर उसका चार गुना मुआवजा किसानों को मिलेगा। इसी प्रकार मध्यप्रदेश सहित बुन्देलखंड में औद्योगिक विकास किया जा रहा है। उन्होंने शबरी माता के नाम पर माता शबरी कन्या शिक्षा परिसर के भूमिपूजन पर आभार भी प्रकट किया।सांसद दमोह संसदीय क्षेत्र राहुल सिंह लोधी ने कहा कि यह कार्यक्रम केवल केसली का नहीं, बल्कि पूरे मध्यप्रदेश का कार्यक्रम है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश देश में गेहूं खरीदने में प्रथम स्थान पर है। मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा के अंतर्गत प्रदेश के 1064 मार्गों पर 5,200 से अधिक बसों का संचालन किया जाएगा। इससे उन मार्गों पर आवागमन की सुविधा उपलब्ध होगी, जिन मार्गों से प्राइवेट बस संचालक बसों का संचालन नहीं करते हैं।
देवरी विधायक ब्रज बिहारी पटेरिया ने मुख्यमंत्री का आभार प्रकट किया।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंच से ही रिमोट से सिंगल क्लिक के माध्यम से प्रदेश की 1.25 करोड़ से अधिक लाड़ली बहनों को 1835 करोड़ रुपए राशि अंतरित की। इनमें सागर की 4 लाख 15 हजार से अधिक लाड़ली बहनें शामिल हैं जिनके बैंक खातों में 61.14 करोड़ रुपए की राशि अंतरित की गई। हितग्राही बहनों को उनके बैंक खातों में 37वीं किस्त के रूप में 1500 रुपए की सौगात मिली है।
जनसामान्य में दिखा अपार उत्साह, मुख्यमंत्री ने लाड़ली बहनों पर की पुष्पवर्षा
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का सागर जिले के देवरी विधानसभा अंतर्गत केसली ब्लॉक में यह पहला और महत्वपूर्ण आगमन था। मुख्यमंत्री बनने के बाद इस क्षेत्र में उनका यह पहला दौरा था, जिसे लेकर स्थानीय जनता और प्रशासन में भारी उत्साह देखने को मिला। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रैंप से लाड़ली बहनों के बीच पहुंचकर पुष्पवर्षा की।
इस अवसर पर सागर सांसद डॉ. लता वानखेड़े, पूर्व मंत्री एवं विधायक रहली गोपाल भार्गव, पूर्व मंत्री एवं विधायक खुरइ भूपेंद्र सिंह, सागर विधायक शैलेंद्र जैन, नरयावली विधायक प्रदीप लारिया, बंडा विधायक वीरेन्द्र सिंह लोधी, बीना विधायक श्रीमती निर्मला सप्रे, महापौर श्रीमती संगीता तिवारी, नगर निगम अध्यक्ष श्री वृन्दावन अहिरवार, श्रीमती रानी कुशवाहा उपस्थित रही।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने केसली में आयोजित लाड़ली बहना सम्मेलन में कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की। उन्होंनेे केसली में सांदीपनि विद्यालय सेकण्ड फेस का कार्य प्रारंभ करने, शासकीय हाई स्कूल चिरचिटा सुखजू में हायर सेकण्डरी स्कूल तक उन्नयन करने, शासकीय हाई स्कूल देवरी, नाहरमऊ, नन्ही देवरी का उन्नयन करने, कृषि उपज मंडी केसली का नाम रानी अवंतिबाई के नाम पर रखने, देवरी में 100 बिस्तरों का अस्पताल स्टाफ सहित प्रारंभ करने की घोषणा की। वहीं मुख्यमंत्री ने केसली क्षेत्र में थावरी जलाशय (लागत लगभग 550 करोड़) की योजना को स्वीकृति दी तथा कहा कि किसानों की इस बहुप्रतीक्षित मांग से क्षेत्र में कृषि के क्षेत्र में क्रांति आएगी। मुख्यमंत्री ने देवरी में प्याज और लहसुन की खरीदी के लिए मंडी में खरीदी केन्द्र बनाने की घोषणा की। शासकीय महाविद्यालय देवरी में विज्ञान संकाय तथा कला संकाय में राजनीति विषय का आरंभ करने, केसली महाविद्यालय में कला एवं वाणिज्य संकाय में स्नातकोत्तर कक्षाएं प्ररंभ करने, देवरी नगर का नाम देवपुरी करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि क्षेत्र को लोगों की मांग की अनुरूप देवखंडेराव मंदिर का पर्यटन स्थल के रूप में विकास किया जाएगा। वहीं मुख्ममंत्री ने ग्राम पंचायत गौरझामर एवं ग्राम पंचायत केसली को नगर पंचायत बनाने की घोषणा की।
