जबलपुर: शहर में अग्नि सुरक्षा, भवन अनुज्ञा, सुरक्षित निकासी, लाइसेंस एवं जन-सुरक्षा संबंधी नियमों के पालन को लेकर नगर निगम द्वारा निगमायुक्त रामप्रकाश अहिरवार के निर्देश पर लगातार निरीक्षण एवं कार्रवाई की जा रही है। गत दिवस शहर के तीन संस्थानों में गंभीर अनियमितताएँ पाए जाने पर सीलिंग की कार्रवाई के बाद बुधवार को दो अन्य प्रतिष्ठानों पर निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान रवि प्लास्टिक, गलगला-सराफा रोड तथा अशोक एजेंसी, मुकादमगंज में अग्नि सुरक्षा, भवन सुरक्षा, सुरक्षित आवागमन मार्ग, भवन मानचित्र एवं ट्रेड लाइसेंस संबंधी गंभीर कमियाँ पाई गईं। अनियमितताओं को देखते हुए दोनों प्रतिष्ठानों में संचालकों की सहमति से मौके पर तालाबंदी कराई गई। संयुक्त निरीक्षण के दौरान अग्निशमन विभाग, भवन शाखा एवं लाइसेंस शाखा द्वारा प्रतिष्ठानों की जांच की गई। जांच में पाया गया कि दोनों भवनों में अत्यधिक मात्रा में ज्वलनशील सामग्रियों का भंडारण किया गया था। साथ ही आपात स्थिति में सुरक्षित निकासी एवं आवागमन हेतु पर्याप्त मार्ग उपलब्ध नहीं थे। भवनों में अग्नि सुरक्षा हेतु आवश्यक संसाधनों की स्थापना भी सुनिश्चित नहीं पाई गई।
कुछ इस तरह मिलीं खामियां
निरीक्षण के दौरान रवि प्लास्टिक में भवन के भीतर अत्यधिक मात्रा में प्लास्टिक एवं अन्य ज्वलनशील सामग्रियों का भंडारण पाया गया। अग्निशमन विभाग की जांच में पाया गया कि भवन में सुरक्षित आवागमन एवं निकासी हेतु पर्याप्त मार्ग उपलब्ध नहीं था। भवन में केवल एक ही स्टेयर-केस उपलब्ध था, जिसमें भी प्लास्टिक सामग्रियों का भंडारण कर लिया गया था। ऐसी स्थिति में आग लगने अथवा धुआँ फैलने की स्थिति में भवन से सुरक्षित निकासी गंभीर रूप से प्रभावित हो सकती थी।
इसी प्रकार अशोक एजेंसी, मुकादमगंज के निरीक्षण में भवन के भीतर कपूर, अगरबत्ती आदि अत्यधिक ज्वलनशील सामग्रियों का भारी मात्रा में भंडारण पाया गया। अग्निशमन विभाग द्वारा पाया गया कि भवन में सुरक्षित आवागमन हेतु पर्याप्त मार्ग उपलब्ध नहीं था। भवन में केवल एक ही स्टेयर-केस उपलब्ध था, जिसमें कपूर, अगरबत्ती एवं अन्य ज्वलनशील सामग्रियों का भंडारण कर लिया गया था।
यह स्थिति आपातकालीन निकासी, राहत एवं अग्निशमन कार्यवाही की दृष्टि से अत्यंत जोखिमपूर्ण पाई गई। भवन में अग्नि सुरक्षा हेतु आवश्यक संसाधनों की स्थापना भी सुनिश्चित नहीं की गई थी। भवन शाखा द्वारा निरीक्षण के दौरान भवन का स्वीकृत नक्शा प्रस्तुत करने के लिए कहा गया, किंतु भवन का नक्शा उपलब्ध नहीं कराया गया। लाइसेंस शाखा द्वारा जांच में प्रतिष्ठान का ट्रेड लाइसेंस भी प्रस्तुत नहीं किया गया। इन गंभीर अनियमितताओं को देखते हुए प्रतिष्ठान संचालक की सहमति से मौके पर तालाबंदी कराई गई।
