नई दिल्ली/मुंबई | देश की राजधानी दिल्ली में बुधवार को होने वाली एनडीए की महत्वपूर्ण बैठक से ठीक पहले राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) में सियासी हलचल तेज हो गई है। पार्टी की भावी रणनीति तय करने के लिए प्रफुल पटेल और अन्य वरिष्ठ नेताओं ने उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार से उनके आवास पर मुलाकात की। माना जा रहा है कि इस बैठक में एनसीपी कैबिनेट विस्तार और केंद्र तथा राज्य सरकार में पार्टी की हिस्सेदारी बढ़ाने पर अपना बड़ा दावा पेश करने की तैयारी कर रही है।
स्थापना दिवस टालकर मंत्रिमंडल विस्तार पर जोर
एनसीपी ने इस बैठक की गंभीरता को देखते हुए अपने 27वें स्थापना दिवस समारोह को भी एक दिन के लिए टाल दिया है। अब यह कार्यक्रम बुधवार की जगह गुरुवार को आयोजित होगा। चर्चाओं के अनुसार, पार्टी राज्य और केंद्र में रिक्त पड़े मंत्री पदों को लेकर एनडीए नेतृत्व के सामने अपनी जोरदार मांग रख सकती है। महाराष्ट्र में वित्त मंत्री का पद सुनेत्रा पवार को दिए जाने की चर्चाएं भी काफी समय से राजनीतिक गलियारों में छाई हुई हैं।
पार्टी के भीतर असंतोष और भविष्य की राह
इन बैठकों का दौर केवल मंत्रिमंडल विस्तार तक सीमित नहीं है, बल्कि पार्टी के भीतर उपजे असंतोष को शांत करना भी एक बड़ी चुनौती है। छगन भुजबल जैसे वरिष्ठ नेताओं की नाराजगी और अन्य पार्टी सदस्यों के साथ चल रहे विवादों के बीच, नेतृत्व अब कड़े फैसले लेने की स्थिति में है। इदरीस नाइकवाड़ी और नरहरि झिरवल जैसे नेताओं के साथ हुई चर्चाओं के बाद, पार्टी किस तरह संतुलन बनाती है, इस पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं।

