मुरैना: सुप्रीम कोर्ट के सख्त निर्देशों के बाद राजस्व, वन और पुलिस विभाग की संयुक्त टॉस्क फोर्स ने चम्बल नदी किनारे अवैध रूप से डंप की गयी रेत को नष्ट कर दिया है। अभियान के दौरान जेसीबी मशीन, 3 लोडर और लगभग 25 अधिकारी-कर्मचारी मौके पर मौजूद रहें।चंबल नदी के लम्बे समय से अवैध रेत उत्खनन और भंडारण की शिकायतें सामने आती रही है। इसी को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने प्रशासन को अवैध गतिविधियों पर पूर्णतः रोकने के निर्देश दिये है। निर्देशों के पालन में जिला प्रशासन ने संयुक्त टास्क फोर्स का गठन कर चंबल नदी के संवेदनशील इलाकों में कार्यवाही शुरू की है। अभियान के तहत अवैध रूप से जमा की गयी रेत के भंडारण स्थलों को चिन्हित कर उन्हें नष्ट कर रहे है।
प्रशासन के अनुसार नष्ट की गई अवैध रेत की अनुमानित कीमत करीब 5 लाख 50 हजार रुपए आंकी गई है। अधिकारियों का कहना है कि अवैध उत्खनन और भंडारण से शासन को राजस्व का नुकसान होता है और नदी के प्राकृतिक स्वरूप पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। इसी कारण ऐसे मामलों में लगातार सख्ती बरती जा रही है।
पुलिस अधीक्षक धर्मराज मीणा ने स्पष्ट कहा कि अवैध रेत उत्खनन, परिवहन या भंडारण करने वालों के खिलाफ कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि पिपरई और विंडवा गांव में की गई कार्रवाई इसी अभियान का हिस्सा है और भविष्य में भी ऐसे अभियान लगातार जारी रहेंगे
