भोपाल। राजधानी के समग्र विकास और सुव्यवस्थित शहरी नियोजन को लेकर क्रेडाई (CREDAI) भोपाल के प्रतिनिधिमंडल ने कलेक्टर प्रियंक मिश्रा से मुलाकात की. इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने शहर में आवासीय परियोजनाओं, कॉलोनियों के विकास तथा आगामी दिनों में आयोजित किए जाने वाले सेमिनार की रूपरेखा पर विस्तार से चर्चा की. कलेक्टर ने भी शहर के विकास संबंधी विषयों पर क्रेडाई की सक्रिय भागीदारी का स्वागत किया और प्रस्तावित सेमिनार के आयोजन की जिम्मेदारी संस्था के पदाधिकारियों को सौंपी.
क्रेडाई अध्यक्ष मनोज मीक ने बैठक में मास्टर प्लान, अवैध कॉलोनियों की बढ़ती संख्या, डिजिटल भू-नक्शा, राजा भोज की विरासत से जुड़े विकास कार्यों तथा संगठन के कार्यालय हेतु भूमि आवंटन जैसे मुद्दे उठाए. उन्होंने बताया कि लंबे समय से नया मास्टर प्लान लागू नहीं होने से वैध कॉलोनियों के विकास और किफायती आवास परियोजनाओं पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है. साथ ही शहर की सीमाओं से लगे क्षेत्रों में बिना आवश्यक अनुमतियों के विकसित हो रही अवैध कॉलोनियां भविष्य में नागरिक सुविधाओं और संपत्ति स्वामित्व संबंधी समस्याओं का कारण बन सकती हैं.
प्रतिनिधिमंडल ने अवैध कॉलोनियों के विरुद्ध विशेष सर्वे अभियान चलाने और विभिन्न विभागों की संयुक्त टीम गठित कर नियमित निरीक्षण की व्यवस्था करने का सुझाव दिया. इसके अलावा नगर निगम, स्मार्ट सिटी, नगरीय विकास विभाग, टाउन एंड कंट्री प्लानिंग, वन, राजस्व एवं अन्य एजेंसियों की सहभागिता से एक संयुक्त सेमिनार आयोजित करने का प्रस्ताव भी रखा गया. इस सेमिनार में राजधानी के विकास, आधारभूत सुविधाओं और भविष्य की योजनाओं पर विशेषज्ञों के साथ मंथन किया जाएगा.
बैठक में क्रेडाई सचिव सुनील गुप्ता, शिवनव प्रधान, रौनक सहिता और आकाश झिंगन भी उपस्थित रहे.
