
छतरपुर। केन-बेतवा लिंक परियोजना से प्रभावित ग्राम ढोढऩ के ग्रामीण मंगलवार को कलेक्ट्रेट में आयोजित जनसुनवाई में पहुंचे और अपनी समस्याओं से प्रशासन को अवगत कराया। ग्रामीणों ने कलेक्टर से मांग की कि सभी पात्र परिवारों को शीघ्र एवं उचित मुआवजा प्रदान किया जाए, ताकि उन्हें आर्थिक और सामाजिक कठिनाइयों का सामना न करना पड़े।
ग्रामीणों का आरोप है कि परियोजना से प्रभावित कई परिवार अब भी मुआवजे से वंचित हैं, जबकि उनके मकानों को हटाने और ध्वस्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इससे प्रभावित लोगों के सामने आवास और आजीविका का संकट खड़ा हो गया है।
ग्राम निवासी दीपचंद्र यादव ने बताया कि उनके पिता का ऑपरेशन होना है, लेकिन मुआवजा राशि न मिलने के कारण परिवार आर्थिक परेशानी से जूझ रहा है। उन्होंने कहा कि प्रशासन ने लाभ दिलाने का आश्वासन दिया था, लेकिन अभी तक भुगतान नहीं हुआ।
वहीं खिलन यादव ने बताया कि गांव के लगभग 200 परिवार परियोजना से प्रभावित हैं। उनका कहना है कि अधिकांश परिवारों को अब तक मुआवजा नहीं मिला है, जबकि मकान हटाने के आदेश जारी किए जा चुके हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि पुनर्वास और मुआवजा प्रक्रिया को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए।
