विजय शर्मा
भोपाल: नगर निगम के वार्ड क्रमांक 47 में वर्तमान परिषद का कार्यकाल लगभग चार वर्ष पूरा करने की ओर है. इस दौरान क्षेत्र में कुछ विकास कार्य हुए हैं, लेकिन कई मोहल्लों में आज भी बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी समस्याएं बनी हुई हैं. सड़क, नाली, सीवेज और सफाई व्यवस्था जैसे मुद्दों को लेकर स्थानीय रहवासी लगातार अपनी चिंता व्यक्त कर रहे हैं.
वार्ड के विभिन्न क्षेत्रों का जायजा लेने और रहवासियों से चर्चा के दौरान सफाई व्यवस्था, कचरा प्रबंधन तथा जल निकासी से संबंधित कई समस्याएं सामने आईं. स्थानीय लोगों का कहना है कि कुछ इलाकों में नियमित सफाई और रखरखाव की आवश्यकता महसूस की जा रही है.
श्याम नगर में सीवेज और कचरा बना चिंता का विषय
श्याम नगर क्षेत्र में प्रधानमंत्री आवास परिसर के आसपास सीवेज निकासी और कचरा निस्तारण की समस्या प्रमुख रूप से सामने आई है. रहवासियों के अनुसार मल्टी के पीछे लंबे समय से कचरा जमा रहता है, जिससे स्वच्छता प्रभावित होती है. क्षेत्रवासियों का कहना है कि पानी की आपूर्ति सीमित समय के लिए होती है तथा कचरा संग्रहण के लिए पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने से लोगों को खुले स्थानों पर कचरा डालना पड़ता है. आगामी वर्षा ऋतु को देखते हुए लोगों ने जलभराव और सीवेज ओवरफ्लो की आशंका भी जताई है.
बंगाली कॉलोनी में नालियों और आंतरिक सड़कों की जरूरत
बंगाली कॉलोनी में मुख्य सड़क का निर्माण होने के बावजूद कई आंतरिक गलियों में सड़क और नाली संबंधी कार्य लंबित बताए जा रहे हैं. रहवासियों का कहना है कि नालियों की नियमित सफाई नहीं होने से जल निकासी प्रभावित होती है. कुछ स्थानों पर सीवेज और नाली व्यवस्था के समुचित प्रबंधन की आवश्यकता महसूस की जा रही है.
खेल मैदानों के संरक्षण की मांग
पंचशील नगर क्षेत्र में खेल मैदानों की संख्या घटने को लेकर भी स्थानीय लोगों ने चिंता व्यक्त की है. क्षेत्रवासियों का कहना है कि समय के साथ कई मैदानों का स्वरूप बदल गया है, जिससे बच्चों और युवाओं के लिए खुले खेल स्थलों की उपलब्धता कम हो गई है. लोगों ने सार्वजनिक खेल मैदानों के संरक्षण और विकास की मांग की है.
पार्षद ने गिनाए विकास कार्य
वार्ड 47 की पार्षद गिरिजा राजेश खटीक का कहना है कि उनके कार्यकाल में क्षेत्र में कई विकास कार्य कराए गए हैं. उनके अनुसार सामुदायिक भवन निर्माण, लगभग 65 लाख रुपये की लागत से सीसी सड़क निर्माण, मंदिरों के आसपास विकास कार्य, नालियों का निर्माण तथा चार उद्यानों का विकास कराया गया है. श्याम नगर में पेविंग ब्लॉक, भंते निवास निर्माण और सौंदर्यीकरण के कार्य भी किए गए हैं, जबकि एक नए सामुदायिक भवन का प्रस्ताव भी तैयार किया गया है.
विपक्ष ने उठाए सवाल
पूर्व पार्षद प्रत्याशी लता देवरे ने आरोप लगाया कि वार्ड के सभी क्षेत्रों में समान रूप से विकास कार्य नहीं हो रहे हैं. उनका कहना है कि कुछ कॉलोनियों में अपेक्षाकृत अधिक कार्य हुए हैं, जबकि अन्य क्षेत्रों में सड़क, सफाई और सीवेज जैसी समस्याएं अब भी बनी हुई हैं. उन्होंने कई विकास कार्यों को पूर्व जनप्रतिनिधियों की पहल का परिणाम बताया.
रहवासियों की प्रमुख मांगें
बंगाली कॉलोनी के निवासी दुर्गा प्रसाद ने नियमित नाली सफाई, स्वच्छता व्यवस्था और आवारा पशुओं की समस्या उठाई. श्याम नगर की वर्षा रजक ने सीवेज और जलापूर्ति संबंधी परेशानियां बताईं. वहीं जमील खान और लक्ष्मी मालवीय ने क्षेत्र में कचरा प्रबंधन, सफाई व्यवस्था और सीवेज रखरखाव को बेहतर बनाने की मांग की.
कुल मिलाकर वार्ड 47 में विकास कार्यों के दावों और स्थानीय समस्याओं के बीच संतुलन स्थापित करने की आवश्यकता महसूस की जा रही है. रहवासियों को उम्मीद है कि शेष कार्यकाल में उनकी प्रमुख समस्याओं के समाधान की दिशा में और प्रभावी कदम उठाए जाएंगे.
