नयी दिल्ली 25 मई (वार्ता) देश भर में मैदानी और तटीय इलाकों में लू का प्रकोप जारी है और गांवों-शहरों में दोपहर समय अघोषित कर्फ्यू सा माहौल है वहीं सोमवार से नौतपा की शुरूआत के साथ गर्मी की मार झेल रहे लोगों को राहत मिलती नजर नहीं आ रही है।
राष्ट्रीय राजधानी में दो दिन पहले शनिवार को मौसम के अचानक करवट लेने और तेज हवाओं के साथ बारिश होने से लोगों को थोड़ी राहत मिली थी , लेकिन गर्म मौसम ने फिर से उन्हें बेचैन कर दिया है। प्रमुख मार्गो पर राहगीरों की आवाजाही कम है और तेज धूप एवं लू के थपेड़ों के बीच लोग घरों में ही रहना बेहतर समझ रहे हैं तथा बेहद जरुरी होने पर ही बाहर निकल रहे हैं।
इस बीच आज से नौतपा की शुरूआत हो गयी जो आगामी दो जून तक रहेगा।
दिल्ली-राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) समेत देश के विभिन्न स्थानों में कुछ दिनों से तापमान 45 डिग्री से सेल्सियस से ऊपर बना हुआ है और आने वाले दिनों में इसके और बढ़ने की संभावना जतायी गयी है।
मौसम वैज्ञानिकों ने लोगों को दोपहर के समय अनावश्यक रूप से बाहर न निकलने, पर्याप्त पानी पीने, सिर ढंक कर चलने तथा लू से बचाव के उपाय अपनाने की सलाह दी है।
उत्तर भारतीय राज्यों में जम्मू में लू से कोई राहत नहीं मिली है और शहर में आज अधिकतम तापमान लगभग 40.3 और न्यूनतम तापमान 24.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दोपहर बाद कुछ जगहों पर हल्की बारिश, तेज़ हवाएं और ओलावृष्टि हुई। जम्मू संभाग के पहाड़ी पर्यटन स्थलों जैसे भद्रवाह, किश्तवाड़, पटनीटॉप, नाथाटॉप, सनासर और बानी में भी चल रही भीषण गर्मी के बावजूद पर्यटकों की भारी भीड़ देखने को मिली।
जम्मू कश्मीर स्कूल शिक्षा विभाग ने कक्षा 1 से 6 (प्राथमिक) के लिए 1 जून से 22 जुलाई तक और कक्षा 7 से 12 के लिए 8 जून से 22 जुलाई तक ग्रीष्मावकाश की घोषणा की है।
उत्तर प्रदेश में भीषण गर्मी और लू का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। मौसम विभाग ने प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में अगले 24 घंटों के दौरान लू से भीषण लू चलने तथा गर्म रातें रहने की चेतावनी जारी की है। राज्य में तेज धूप, उच्च तापमान और उमस भरी हवाओं के कारण जनजीवन प्रभावित हो रहा है। विशेष रूप से दोपहर के समय लोगों को घरों से बाहर निकलने में कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। अमरोहा जिले में लगातार बढ़ रही भीषण गर्मी और लू का असर अब इंसानों के साथ-साथ बेजुबान जानवरों पर भी पड़ने लगा है। हीटवेव के कारण पशुओं, विशेषकर बकरों में बीमारियों के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। आगामी बकरीद पर्व से पहले पशुपालकों की चिंता बढ़ गई है।
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि लू के कारण हीट रैश, डिहाइड्रेशन और हीट स्ट्रोक जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं। विशेष रूप से मजदूरों, किसानों, निर्माण कार्यों में लगे श्रमिकों और लंबे समय तक धूप में काम करने वाले लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
श्री काशी विश्वनाथ धाम में झुलसाने वाली गर्मी एवं ‘नौतपा’ को ध्यान में रखते हुए श्री काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास ने दर्शनार्थ आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा एवं स्वास्थ्य संरक्षण के लिए व्यापक व्यवस्थाएँ की हैं। मंदिर न्यास ने श्रद्धालुओं को भीषण गर्मी से राहत प्रदान करने के उद्देश्य से धाम परिसर एवं कतार मार्ग के विभिन्न स्थानों पर जर्मन हैंगर एवं कैनोपी की व्यवस्था कराई है। इसके अलावा जर्मन हैंगर तथा टेंसाइल स्ट्रक्चर के अंदर मिस्ट फैन भी स्थापित किए गए हैं, जिससे श्रद्धालुओं को शीतल वातावरण उपलब्ध हो सके। धाम परिसर में कुल 19 स्थानों पर शुद्ध एवं शीतल पेयजल के वाटर कूलर तथा 10 स्थानों पर वॉटर कंटेनर लगाए गए हैं। कतारबद्ध होकर दर्शन की प्रतीक्षा कर रहे श्रद्धालुओं के लिए उच्च गुणवत्ता वाले जूट मैट बिछाए गए हैं, जिससे उन्हें गर्म फर्श से राहत मिल सके।
छत्तीसगढ़ में कई हिस्से इस समय ग्रीष्म लहर की चपेट में हैं। इसी बीच सोमवार से नौतपा की शुरुआत हो गई है, जिससे आगामी नौ दिनों तक गर्मी और अधिक तीव्र रहने के आसार हैं। मौसम विभाग के अनुसार उत्तर-पश्चिम दिशा से आ रही शुष्क एवं गर्म हवाओं के प्रभाव से अधिकतम तापमान में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है और फिलहाल मौसम में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है। राजधानी रायपुर समेत बिलासपुर, दुर्ग और राजनांदगांव तथा अन्य शहरों में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया है।
मध्यप्रदेश में भीषण गर्मी का असर गरीबों, मजदूरों, किसानों, ट्रैफिक पुलिसकर्मियों, छोटे दुकानदारों और खुले में काम करने वाले लोगों पर पड़ रहा है। कई स्थानों पर अस्पतालों में पर्याप्त व्यवस्थाएं नहीं हैं तथा पीने के पानी की समस्या भी बनी हुई है।
राजस्थान में अलवर जिले में नौतपा शुरू होते ही भीषण गर्मी का असर साफ दिखाई देने लगा है। सोमवार सुबह करीब चार बजे से ही गर्म हवाओं और तेज आंधी ने लोगों को परेशान करना शुरू कर दिया। सूरज निकलने के साथ ही तेज धूप ने हालात और ज्यादा खराब कर दिये। सुबह से ही वातावरण में गर्मी और उमस का असर देखने को मिला, जिससे आमजन बेहाल नजर आये। नौतपा के पहले ही दिन गर्म हवाओं और लू के थपेड़ों ने लोगों की दिनचर्या प्रभावित कर दी। सुबह तेज गर्म हवा ने लोगों को घरों से बाहर निकलने में परेशानी पैदा कर दी। दोपहर होते-होते सड़कें सुनसान दिखाई देने लगीं और बाजारों में भी सामान्य दिनों की तुलना में काफी कम भीड़ नजर आयी। तेज धूप के कारण लोग जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकल रहे हैं।
सबसे ज्यादा परेशानी मजदूर वर्ग और दिहाड़ी काम करने वाले लोगों को उठानी पड़ रही है। निर्माण कार्यों और खुले स्थानों पर काम करने वाले मजदूर तपती धूप में काम करने को मजबूर हैं। गर्म हवाओं के कारण कई मजदूर बार-बार छांव और पानी का सहारा लेते दिखाई दिये। आगामी दिनों में तापमान और बढ़ने के आसार हैं, जिससे नौतपा के दौरान गर्मी अपने चरम पर पहुंच सकती है। इस बीच मौसम विभाग ने नौतपा के दौरान कई राज्यों में तेज हवाओं के साथ आंधियां चलने और बारिश होने की संभावना जतायी है।
