सिंगरौली: जिले में इन दिनों डॉग बाइट के मामलों में तेजी से बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। जिला चिकित्सालय बैढ़न की ओपीडी में प्रतिदिन 35 से 36 डॉग बाइट के मरीज उपचार के लिए पहुंच रहे हैं।स्वास्थ्य विभाग के अनुसार यह केवल जिला मुख्यालय बैढ़न का आंकड़ा है, जबकि देवसर, चितरंगी, माड़ा, सरई और अन्य सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में भी ऐसे मामलों की संख्या लगातार बढ़ रही है।
जानकारी के अनुसार आवारा कुत्तों की संख्या में अचानक भारी इजाफा हुआ है। खासतौर पर बैढ़न शहर और आसपास के क्षेत्रों में कुत्तों के झुंड खुलेआम घूमते नजर आ रहे हैं। कई स्थानों पर दर्जनभर कुत्ते एक साथ घूमते हैं और छोटे बच्चों, राहगीरों तथा मवेशियों पर हमला कर देते हैं। इससे लोगों में दहशत का माहौल बना हुआ है। आलम यह है कि बैढ़न के गनियारी, देवरा, बलियरी समेत बिलौंजी ताली में भी कुत्तों का झुण्ड दिखाई देता है। इस गर्मी के दिनों में भी आवारा कुत्तों का आतंक कुछ ज्यादा ही बढ़ गया है।
चौरा टोला में शाम के वक्त अकेले निकला जोखिम भरा
स्थानीय लोगों का कहना है कि सुबह और शाम के समय सड़क पर निकलना मुश्किल हो गया है। स्कूल जाने वाले बच्चों और अकेले चलने वाले बुजुर्गों को सबसे ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई मामलों में कुत्तों ने अचानक हमला कर लोगों को घायल कर दिया। डॉग बाइट के बढ़ते मामलों के चलते रेबीज इंजेक्शन की मांग भी बढ़ गई है। अस्पतालों में एंटी रेबीज वैक्सीन लगवाने वालों की संख्या लगातार बढ़ रही है। स्वास्थ्य अमले के अनुसार समय पर इंजेक्शन नहीं लगने पर संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है। लोगों ने नगर निगम और जिला प्रशासन से आवारा कुत्तों को पकड़ने के लिए विशेष अभियान चलाने की मांग की है। नागरिकों का कहना है कि यदि जल्द नियंत्रण नहीं किया गया तो स्थिति और गंभीर हो सकती है।
