इंदौर:हाईकोर्ट में क्लर्क की नौकरी दिलाने का झांसा देकर बेरोजगारों से ठगी करने वाले गिरोह पर तुकोगंज पुलिस ने शिकंजा कस दिया है. मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के बाद अब उसकी महिला सहयोगी को भी पुलिस ने दबोच लिया है.थाना प्रभारी जितेन्द्र चौहान ने बताया कि आरोपी खुद को हाईकोर्ट का कर्मचारी बताकर युवाओं को नौकरी दिलाने का लालच देते थे और फर्जी नियुक्ति पत्र व सील तैयार कर उनसे रकम वसूलते थे. मामले में स्वाति बाथम की शिकायत पर 29 अप्रैल को प्रकरण दर्ज किया था, जिसमें लक्ष्मण मेहरा ने सहायक क्लर्क की नौकरी दिलाने के नाम पर 25 हजार रुपए लेकर फर्जी जॉइनिंग लेटर दिया था. इस मामले में पुलिस पहले ही मुख्य आरोपी लक्ष्मण मेहरा को गिरफ्तार कर चुकी है.
\आरोपी से पूछताछ और विस्तृत जांच में उसकी महिला सहयोगी रिंकू चौहान उम्र 32 साल निवासी कुलकर्णी नगर का नाम सामने आया, जिसे अब गिरफ्तार कर लिया है. जांच में खुलासा हुआ है कि रिंकू चौहान इस पूरे ठगी नेटवर्क में बराबर की भागीदार थी और लोगों को झांसे में लेने से लेकर पैसों के लेनदेन तक में सक्रिय भूमिका निभा रही थी. दोनों आरोपी मिलकर बेरोजगार युवाओं को अपना शिकार बनाते थे और फर्जी दस्तावेज थमाकर मोटी रकम ऐंठते थे. पुलिस अब दोनों आरोपियों से पूछताछ कर यह पता लगाने में जुटी है कि गिरोह ने अब तक कितने लोगों को ठगा है और इसमें अन्य कौन-कौन शामिल हैं. मामले में और गिरफ्तारियां होने की संभावना जताई जा रही है.
