सीहोर। जिले में शहरी क्षेत्रों के साथ ग्रामीण अंचलों में भी तेजी से विकास हो रहा है. जनगणना 2027 के पहले चरण की हाउस लिस्टिंग प्रक्रिया में यह तस्वीर सामने आई है. वर्ष 2011 की तुलना में जिले में करीब 1.78 लाख नई संपत्तियां बढ़ी हैं. 98 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है.
जिले में जनगणना 2027 के पहले चरण के तहत मकान गणना और हाउस लिस्टिंग का कार्य अंतिम दौर में पहुंच गया है. 1 मई से शुरू हुई प्रक्रिया में अब तक जिले की कुल 4 लाख 35 हजार 402 संपत्तियों की लिस्टिंग की जा चुकी है. यह आंकड़ा वर्ष 2011 की जनगणना की तुलना में काफी अधिक है. उस समय जिले में 2 लाख 57 हजार 311 संपत्तियां दर्ज थीं. यानी पिछले 15 वर्षों में जिले में 1 लाख 78 हजार 91 नई संपत्तियां अस्तित्व में आई हैं.
औसत के हिसाब से देखें तो जिले में हर साल लगभग 11 हजार 872 नई संपत्तियां बनी हैं. इससे स्पष्ट है कि शहरों के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में भी तेजी से निर्माण और विकास कार्य हुए हैं. जनगणना प्रभारी जमील खान के अनुसार जिले में कुल 2405 हाउस लिस्टिंग ब्लॉक्स बनाए गए थे, जिनमें से 2334 ब्लॉक्स में कार्य पूरा हो चुका है. शेष 71 ब्लॉक्स में भी अगले 24 घंटे के भीतर काम पूरा कर लिया जाएगा.
गौरतलब है कि वर्ष 2011 की जनगणना में जिले की कुल आबादी 13 लाख 11 हजार 332 दर्ज की गई थी. यदि पिछले 15 वर्षों में आबादी में लगभग 15 प्रतिशत वृद्धि मानी जाए तो जिले की जनसंख्या 16 लाख के पार पहुंच सकती है. हाल ही में हुए एसआईआर सर्वे में भी जिले की आबादी लगभग 16.12 लाख होने का अनुमान सामने आया था.
अब चलेगा पॉपअप राउंड
जनगणना के पहले चरण में मकानों की गणना का कार्य लगभग पूरा हो चुका है. कई प्रगणकों ने 10 दिनों के भीतर ही अपना कार्य समाप्त कर लिया था. अब विभाग द्वारा पॉपअप राउंड चलाया जाएगा, जिसमें उन घरों की दोबारा जांच होगी जो पहले छूट गए थे या जिनमें ताला लगा मिला था. संबंधित परिवारों से दोबारा संपर्क कर जानकारी जुटाई जाएगी. यह विशेष अभियान 30 मई तक चलेगा, ताकि जिले के भवनों और परिवारों का सटीक डाटा तैयार किया जा सके.
