नयी दिल्ली 13 मई (वार्ता) पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बुधवार को यहां केन्द्रीय कृषि एवं किसान कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान से मुलाकात कर उनसे किसानों के कल्याण और फसलों के विविधीकरण को बढ़ावा देने सहित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की।
मुलाकात के दौरान श्री चौहान ने श्री मान के साथ पंजाब में कृषि एवं किसान कल्याण से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की। साथ ही दोनों नेताओं ने धान की मिलिंग में आ रही समस्याओं, फसलों के विविधीकरण को बढ़ावा देने, जल संसाधनों के संरक्षण तथा तिलहन, दलहन, कपास और बागवानी मिशनों के जरिए कृषि के सतत विकास जैसे विषयों पर विस्तारपूर्वक चर्चा की।
बैठक के बाद संवादाताओं को संबोधित करते हुए श्री मान ने कहा कि पंजाब ने देश की खाद्य सुरक्षा को मजबूत करने में ऐतिहासिक भूमिका निभाई है और आज भी वह भारत का अन्न भंडार बना हुआ है। उन्होंने पंजाब के किसानों के राष्ट्रीय खाद्यान्न उत्पादन में योगदान की सराहना करते हुए आश्वासन दिया कि केंद्र सरकार कृषि से संबंधित सभी मिशनों में राज्य को पूरा सहयोग प्रदान करेगी। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार कृषि और जल संरक्षण से संबंधित सभी पहलों में पंजाब को हर संभव सहयोग देगी। भारत सरकार की कपास, दलहन, तिलहन और बागवानी मिशनों और अन्य योजनाओं का लाभ पंजाब की कृषि क्षेत्र को मजबूत करने और किसानों के कल्याण के लिए किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार और पंजाब सरकार मिलकर राज्य में फसल विविधीकरण को बढ़ावा देने, जल संसाधनों के संरक्षण तथा कृषि के सतत विकास के लिए कार्य करेंगी। पंजाब की उपजाऊ भूमि में अपार कृषि क्षमता है, लेकिन साथ ही जल संरक्षण और टिकाऊ खेती पद्धतियों पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है। कृषि मंत्री ने कहा कि हम पंजाब के साथ मिलकर कार्य करेंगे, ताकि किसानों को फसल विविधीकरण में नुकसान न हो, जल संसाधनों की रक्षा हो, मिट्टी का स्वास्थ्य बेहतर बने और कृषि जलवायु परिवर्तन के प्रभावों के प्रति अधिक सक्षम बने। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि देश में उर्वरकों की कमी नहीं है लेकिन मृदा का संतुलन बनाए रखने के लिए उर्वरकों के संतुलित उपयोग जरुरी है।
श्री मान ने कहा कि पंजाब वर्तमान मौसम के लिए निर्धारित गेहूं खरीद लक्ष्य को सफलतापूर्वक पूरा करेगा। उन्होंने कहा, “पंजाब 125 लाख टन गेहूं खरीद लक्ष्य को पूरा करेगा और खाद्यान्न उत्पादन में देश का नेतृत्व जारी रखेगा।” इस दौरान पंजाब द्वारा अतिरिक्त वित्तीय सहायता की मांग से जुड़े प्रश्नों के उत्तर में श्री चौहान कहा कि केंद्र सरकार विभिन्न कृषि, सिंचाई और किसान कल्याण मिशनों के माध्यम से राज्य को सहयोग देती रहेगी। उन्होंने पंजाब सरकार द्वारा केन्द्रीय सीड कमेटी में पंजाब के सदस्य को रखने के प्रस्ताव पर भी विचार करने के लिए आश्वासन दिया।
