काबुल, 12 मई (वार्ता) अफगानिस्तान ने मंगलवार को पाकिस्तान के उस दावे को खारिज कर दिया जिसमें कहा गया था कि सप्ताहांत में उत्तरी पाकिस्तान में 15 पुलिसकर्मियों की मौत के लिए जिम्मेदार हमले की याेजना अफगानिस्तान में बैठे आतंकवादियों ने बनाई थी। इसके साथ ही अफगान सरकार ने इस मामले में “वास्तविक सहयोग” पर जोर दिया है।
तालिबान सरकार के प्रवक्ता ज़बीहुल्ला मुजाहिद ने सोमवार को पाकिस्तान के आरोपों को अस्वीकार करते हुए कहा कि खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के दक्षिणी शहर बन्नू में हुआ हमला अफगानिस्तान में रह रहे आतंकवादियों द्वारा नहीं कराया गया। उन्होंने सोशल मीडिया मंच एक्स पर जारी बयान में कहा, “अफगानिस्तान का मानना है कि समस्याओं का समाधान आरोपों और धमकियों के बजाय आपसी समझ, सम्मान और वास्तविक सहयोग के जरिए संभव है।”
श्री मुजाहिद ने कहा कि अफगान भूमि का इस्तेमाल किसी भी देश के खिलाफ नहीं होने दिया जाएगा और किसी भी पक्ष को ऐसी गतिविधियों की अनुमति नहीं दी जाएगी जिससे क्षेत्र की सुरक्षा और स्थिरता को नुकसान पहुंचे। इससे पहले, पाकिस्तान ने शनिवार को उत्तरी प्रांत में हुए हमले में पुलिसकर्मियों के मारे जाने के बाद सोमवार को अफगानिस्तान के समक्ष औपचारिक राजनयिक विरोध दर्ज कराया था।
पाकिस्तानी जांच एजेंसियों के अनुसार उपलब्ध साक्ष्य और तकनीकी खुफिया जानकारी से संकेत मिलता है कि हमला अफगानिस्तान में मौजूद आतंकवादियों ने किया। पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने भी “पाकिस्तान के खिलाफ आतंकवादी हमलों के लिए अफगान भूमि के लगातार इस्तेमाल” पर गंभीर चिंता व्यक्त की।
विदेश मंत्रालय ने कहा कि “इस बर्बर कृत्य के दोषियों के खिलाफ पाकिस्तान निर्णायक जवाब देने का अधिकार सुरक्षित रखता है।” उल्लेखनीय है कि हाल के वर्षों में पाकिस्तान में आतंकवादी हमलों में वृद्धि हुई है। पाक प्रशासन ने कई हमलों के लिए तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान को जिम्मेदार ठहराया है। पाकिस्तान का कहना है कि यह आतंकवादी संगठन अफगान क्षेत्र से संचालित होता है, हालांकि अफगानिस्तान इन आरोपों को लगातार खारिज करता रहा है।
