वाशिंगटन, 05 मई (वार्ता) अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कहा है कि होर्मुज जलडमरूमध्य में दोनों पक्षों की ओर से हमलों के बावजूद ‘संघर्ष विराम समाप्त नहीं हुआ है।’
श्री हेगसेथ ने मंगलवार को कहा कि ‘संघर्ष विराम बरकरार है’, भले ही ईरानी सेना ने ‘प्रोजेक्ट फ्रीडम’ की घोषणा के बाद से अमेरिकी ठिकानों पर 10 से अधिक हमले किए हैं। अधिकारियों ने इन कार्रवाइयों को पूर्ण पैमाने पर सैन्य अभियान शुरू करने की सीमा से नीचे बताया है।
ज्वाइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के अध्यक्ष जनरल डैन केन ने बताया कि अमेरिकी सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) ने वाणिज्यिक जहाजों की सुरक्षा और नौवहन की स्वतंत्रता सुनिश्चित करने के लिए होर्मुज जलडमरूमध्य के दक्षिणी हिस्से में एक उन्नत सुरक्षा क्षेत्र स्थापित किया है।
श्री केन ने कहा, “प्रोजेक्ट फ्रीडम का उद्देश्य वाणिज्यिक जहाजों की रक्षा करना और जलडमरूमध्य के माध्यम से व्यापार के प्रवाह को बहाल करना है।” इस सुरक्षित क्षेत्र की सुरक्षा अमेरिकी थल सेना, नौसेना और वायु सेना द्वारा की जा रही है।
श्री हेगसेथ ने स्पष्ट किया कि होर्मुज जलडमरूमध्य में यह समुद्री मिशन अन्य सैन्य अभियानों से ‘अलग और विशिष्ट’ है। उन्होंने ‘प्रोजेक्ट फ्रीडम’ को एक रक्षात्मक और अस्थायी प्रयास बताया, जिसका लक्ष्य ईरानी आक्रामकता से वाणिज्यिक जहाजों को बचाना है। यह पूछे जाने पर कि क्या ईरान की छोटी नावों का बेड़ा एक महत्वपूर्ण खतरा है, उन्होंने कहा कि इस खतरे को गंभीरता से लिया जाना चाहिए क्योंकि छोटे पैमाने की कार्रवाइयां भी इस रणनीतिक जलमार्ग की सुरक्षा को प्रभावित कर सकती हैं।
अमेरिकी रक्षा मंत्री ने यह भी बताया कि नयी व्यवस्था के तहत दो अमेरिकी वाणिज्यिक जहाज पहले ही जलडमरूमध्य को पार कर चुके हैं, जबकि ईरानी बंदरगाहों की नाकाबंदी का उल्लंघन करने की कोशिश करने वाले छह जहाजों को वापस भेज दिया गया है।
श्री हेगसेथ ने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि यदि आवश्यक हुआ तो राष्ट्रपति के पास प्रमुख सैन्य अभियान फिर से शुरू करने का विकल्प और क्षमता हमेशा मौजूद है। उन्होंने कहा, “यदि ईरान अपने वादे को पूरा करने के लिए तैयार नहीं है, तो युद्ध विभाग पूरी तरह तैयार और मुस्तैद है।”
जनरल केन ने कहा कि अमेरिकी विध्वंसक जहाज ईरानी खतरों का पता लगा रहे हैं और उन्हें ‘परास्त’ कर रहे हैं, जिनमें तेज नावें और ड्रोन शामिल हैं। उन्होंने कहा कि क्षेत्र से गुजरने वाले वाणिज्यिक जहाज अपने आसपास अमेरिका की सैन्य शक्ति को महसूस कर सकेंगे। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अमेरिका के वर्तमान संयम को उसकी ‘इच्छाशक्ति की कमी’ नहीं समझा जाना चाहिए।
