नयी दिल्ली 02 मई (वार्ता) दिल्ली विधानसभा के अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने शनिवार को कहा कि राम केवल एक धार्मिक प्रतीक नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति और जीवन-दर्शन के आदर्श पुरुष हैं तथा उनका जीवन हमें सिखाता है कि कठिन परिस्थितियों में भी सत्य एवं धर्म के मार्ग से विचलित नहीं होना चाहिए।
श्री गुप्ता ने आज यहां बताया कि दिल्ली विधानसभा में छह मई को एक विशेष आध्यात्मिक-सांस्कृतिक कार्यक्रम ‘संगीतमय राम कथा’ का आयोजन किया जाएगा जिसमें प्रसिद्ध वक्ता डॉ कुमार विश्वास श्री राम के जीवन, उनके आदर्शों और मानवीय मूल्यों को संगीतमय प्रस्तुति के माध्यम से “अपने अपने राम” को जीवंत करेंगे। ‘संगीतमय राम कथा’ के माध्यम से इन सिद्धांतों को आधुनिक संदर्भों में प्रस्तुत किया जाएगा, जिससे नई पीढ़ी भी इन मूल्यों को सहज रूप से आत्मसात कर सके। इस कार्यक्रम में केंद्र सरकार के मंत्रीगण, दिल्ली के उपराज्यपाल, मुख्यमंत्री एवं मंत्रिमंडल के सदस्य, लोकसभा और राज्यसभा के दिल्ली के सांसद, दिल्ली विधानसभा के सभी माननीय सदस्य तथा दिल्ली सरकार के वरिष्ठ अधिकारी आमंत्रित किए गए हैं।
श्री गुप्ता ने आगे कहा कि कार्यक्रम में राम के जीवन की प्रमुख घटनाओं, जैसे त्याग, संघर्ष, कर्तव्यपालन और आदर्श नेतृत्व को संगीत, काव्य और कथन के समन्वय से प्रस्तुत किया जाएगा। यह प्रस्तुति न केवल आध्यात्मिक अनुभूति प्रदान करेगी, बल्कि सामाजिक समरसता और नैतिकता के प्रति जागरूकता भी बढ़ाएगी। आज के बदलते सामाजिक परिदृश्य में, जब मूल्य-आधारित जीवनशैली की आवश्यकता पहले से अधिक महसूस की जा रही है, ऐसे कार्यक्रम समाज को दिशा देने का कार्य करते हैं।
विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि इस कार्यक्रम का विशेष आकर्षण इसकी संगीतमय प्रस्तुति है, जो श्रोताओं को भावनात्मक और आध्यात्मिक रूप से जोड़ने का माध्यम बनेगी। संगीत और काव्य के माध्यम से कथा को प्रस्तुत करना भारतीय परंपरा का अभिन्न अंग रहा है और यही शैली इसे और अधिक प्रभावशाली बनाती है। यह आयोजन न केवल संस्कृति के संरक्षण का प्रयास है, बल्कि उसे नई पीढ़ी तक पहुँचाने का भी एक सशक्त माध्यम है।
उन्होंने कहा कि दिल्ली विधानसभा की ओर से इस प्रकार के कार्यक्रमों का आयोजन यह दर्शाता है कि लोकतांत्रिक संस्थाएँ केवल प्रशासनिक कार्यों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि समाज के सांस्कृतिक और नैतिक विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। ‘संगीतमय राम कथा’ जैसे आयोजन जनमानस को जोड़ने, प्रेरित करने और एक सकारात्मक सामाजिक वातावरण निर्माण करने की दिशा में एक सार्थक पहल हैं।
